संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। क्षेत्र में सूखे की मार झेल रहे किसानों ने कपिल मुनि माइनर में सिंचाई विभाग द्वारा पानी न छोड़े जाने पर नाराज होकर शुक्रवार को प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने कूड़ा-करकट से अटी माइनर पर रोष मार्च भी निकाला और इसमें उगी जंगली वनस्पति दिखाते हुए अधिकारियों को हकीकत से रूबरू करवाया।
नाराजगी जताते हुए कहा कि सिंचाई संसाधनों से लेकर कलायत उप मंडल मुख्यालय तक कूड़ा-कर्कट से अटे सिंचाई एवं निकासी संसाधन विफल बाढ़ प्रबंधों की पोल खोल रहे हैं। इस संबंध में उन्होंने बिना सिंचाई पानी के सूख रहे सैकड़ों एकड़ रकबे की शिकायत मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को भेजी है। इसमें किसानों के साथ-साथ हजारों गायों का पालन पोषण करने वाली मुढाढ़ 360 गोशाला का कृषि क्षेत्र शामिल है। सिंचाई पानी के संकट को लेकर प्रदर्शन कर रहे नंबरदार सोनू राणा, क्रिकेट खिलाड़ी एवं किसान राहुल मोनू राणा, अमित राणा, बलजीत, विनोद, मोती, जोगध्यान, जगपाल, जोनी, बिंद्र, धर्मपाल और अन्य किसानों का कहना है कि बरसात न होने के कारण उन्हें सिंचाई पानी की भारी जरूरत है। बावजूद इसके उन्हेंं पानी से महरूम किया जा रहा है। जबकि सरकार द्वारा हैड से टेल तक पानी पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। लेकिन उनके साथ सिंचाई पानी के नाम पर सरेआम भेदभाव हो रहा है। उन्हें समझ नहीं आ रहा कि इन हालातों मेंं वे किस प्रकार फसलों को तैयार करेंगे।
दूसरी ओर जाखौली उप मंडल जल सेवाएं कैथल एसडीओ तरसेम गर्ग ने कहा कि कपिल मुनि माइनर उनके अधिकार क्षेत्र में है। विभाग की तरफ से सिंचाई पानी प्रबंधन में कोई लापरवाही नहीं है। समय पर बारिश न होने के कारण सिंचाई पानी की समस्या किसानोंं के समक्ष आ रही है। विभाग हर स्तर पर किसानों के साथ है। विभाग सफाई व सिंचाई व्यवस्था को लेकर संजीदगी से काम कर रहा है। उम्मीद है जल्द ही बारिश के बाद व्यवस्था सही हो जाएगी।