संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शहर की नई अनाज मंडी में सोमवार को दूसरे दिन भी 2700 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से 1509 किस्म का धान बिका। इस बार धान के दाम कम मिलने से किसानों के हाथ केवल निराशा ही लग रही है।
नाराज किसानों ने सरकार पर आरोप लगाया कि चुनाव के चलते किसानों को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। ऐसा नहीं होना चाहिए। एक तो पहले ही इस बार सरकारी खरीद प्रक्रिया में देरी हो रही है। दूसरा भाव कम मिलने से किसान काफी हताश है।
भारतीय किसान यूनियन टिकैत ग्रुप के प्रदेश कोषाध्यक्ष सतपाल सिंह दिल्लोवाली ने बताया कि इस वर्ष उत्तरी हरियाणा में सामान्य से भी बहुत कम बारिश हुई। इस कारण धान की पैदावार में बहुत कमी आई है। पिछले वर्ष से इस बार धान बासमती के भाव में 500 से लेकर 700 रुपये तक की गिरावट देखने को मिल रही है।
केंद्र सरकार व हरियाणा सरकार ने आपकी वर्ष 23 सितंबर से पीआर धान की खरीद शुरू करने की घोषणा की थी। इस कारण किसानों के चेहरे पर खुशी की लहर दौड़ आई थी क्योंकि पीआर दान की बहुत सी किस्म जल्दी पककर तैयार हो जाती है। जब तक सरकार खरीद शुरू नहीं करती प्राइवेट सेलर वाले पर धान को माटी के भाव खरीदने हैं।
इस वर्ष पर धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2320 रुपये है जबकि मंडियों में पीआर धान को 1800 से दो हजार रुपये खरीद रहे हैं। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष एक एकड़ में 90 हजार रुपये की बिकी थी। इस वर्ष इस एकड़ में 62 हजार की पैदावार हुई उत्पादन भी कम हुआ और भाव भी सही नहीं मिला। हम सरकार से अपील करते हैं। 25 सितंबर से पर दान की खरीद शुरू करें, ताकि किसान को कोई घाटा न हो और सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद करें।
बारिश नहीं होने से फसल उत्पादन में लागत अधिक बढ़ गई है। इस वर्ष किसान का जो खर्च फसल उत्पादन पर लगा वह भी पूरा नहीं हो रहा है।
राजौंद अनाज मंडी में सीजन की तैयारी पूरी
राजौंद। एक अक्तूबर से धान खरीद को लेकर राजौंद अनाज मंडी में तैयारियां पूरी कर ली है ताकि धान खरीद के कार्य के लिए किसानों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़ेे।
मार्केट कमेटी सचिव ओमप्रकाश ने बताया कि धान खरीद को देखते हुए राजौंद अनाज मंडी में तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई है। उन्होंने बताया कि सीजन के दौरान किसानों को किसी तरह की परेशानी नही आने दी जाएगी। सभी खरीद एजेंसी निर्धारित समर्थन मूल्य के अनुसार धान की खरीद का कार्य करें।
चेतावनी देते हुए कहा कि इस कार्य में लापरवाही न बरते और समय पर किसानों के खाते में पेमेंट भिजवाना सुनिश्चित करे। उन्होंने बताया कि फसल बेचने के लिए मंडियों में आने वाले किसानों को सभी मूलभूत सुविधाएं मुहैया करवाई जाएगी, ताकि किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि पीने के पानी, बिजली व सफाई की व्यवस्था कर दी गई है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वह धान के सीजन में अपनी फसल को सूखाकर लाए, ताकि उन्हें किसी तरह की परेशानी न आए। उन्होंने कहा कि मंडी प्रशासन धान खरीद को लेकर पूरी तरह तैयार है। संवाद