कैथल। महिला पुलिस थाना में अमर उजाला की ओर से शनिवार को अपराजिता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विषय नशे का हंसते-खेलते परिवारों पर पड़ता दुष्प्रभाव और इससे कैसे हो बचाव रहा। महिला पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने संबंधित विषय पर अपने विचार प्रस्तुत किए। उन्होंने कहा कि नशा नस्लों को खराब करता है।
कहा गया कि विशेषकर युवा वर्ग नशे की चपेट में आ रहा है। नशा न मिलने पर युवा चोरी, छीना झपटी और अन्य अपराधों की ओर जाता है। उन्होंने कहा कि हम सबके साझे प्रयासों और जागरुकता के माध्यम से नशे के दुष्प्रभावों से बचा जा सकता है।
नशा सबके लिए खतरनाक
एसएचओ इंस्पेक्टर गीता ने कहा कि नशा किसी भी परिवार को खराब कर देता है और परिवार टूट जाता है। चाहे बच्चा नशा करे या अभिभावक, यह सबके लिए खतरनाक है। कई बार बच्चे अपने आसपास के माहौल से नशा सीख लेते हैं। ऐसे में उसे या तो नशा मुक्ति केंद्र में भिजवाना पड़ता है या फिर घर में किसी भी प्रकार से रोककर रखना पड़ता है। जागरुकता से ही इससे बचा जा सकता है।
दूसरों को भी करें जागरूक
सिपाही शीतल ने कहा कि हमें खुद तो नशा करना ही नहीं चाहिए, साथ में दूसरों को भी जागरूक करना चाहिए। बच्चों को भी बताएं कि नशा किस प्रकार से नुकसान करता है। तभी इसके दुष्परिणामों से बचा जा सकता है। नशा शरीर को भी नुकसान पहुंचाता है। ऐसे में माता-पिता को भी नशे से दूर रहना चाहिए और बच्चों को भी शुरू से ही यह बताया जाए कि नशा कैसे खतरनाक है।
नशा मुक्ति की पहल सराहनीय
सिपाही सीमा ने कहा कि अमर उजाला की ओर से की गई नशा मुक्ति की पहल सराहनीय है। आजकल युवाओं को जागरूक होने की जरूरत है। ऐसे अभियान जागरूकता का बड़ा माध्यम हैं। नशे से दूर रहकर स्वयं को भी और परिवार को भी सुरक्षित रख सकते हैं।
नशे से बढ़ रहा अपराध
मुख्य सिपाही सरोज ने कहा कि नशे से अपराध बढ़ रहा है और यह युवाओं का भविष्य खराब कर रहा है। परिवार का भी नुकसान है। युवा दिशाहीन हो रहे हैं। नशे को जागरुकता से ही समाप्त किया जा सकता है। समाज को नशा मुक्त बनाने के लिए हमें मिलकर प्रयास करने चाहिएं।
नशा एक सामाजिक बुराई
सिपाही प्रियंका ने कहा कि नशा एक सामाजिक बुराई है। कहा कि अगर परिवार में कोई नशा करता है तो पहले उसे समझाएं कि यह गलत है। अगर फिर भी नहीं माने और लत अधिक हो तो नशा मुक्ति केंद्र का सहारा ले सकते हैं। नशा कोई भी हो, सबके भविष्य के लिए नुकसानदायक है।
सभी को दूर रहना चाहिए
मुख्य सिपाही मीना कुमारी ने कहा कि हर व्यक्ति को नशे से दूर रहने का प्रयास करना चाहिए और दूसरों को भी नशे से बचाव के लिए प्रेरित करें। कई बच्चे अपने अभिभावकों से भी नशा सीख लेते हैं कि जब उसके पिता पी रहे हैं तो वह भी पीकर देखने लगते हैं। बाद में इसकी लत पड़ जाती है।