कैथल। चौधरी ईश्वर सिंह कन्या महाविद्यालय ढांड में महिला थाना की एसआई सुदेश देवी की अगुवाई में साइबर अपराध व महिला सुरक्षा के विषय पर जागरुकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर छात्राओं को साइबर अपराध से बचने के तौर-तरीकों की जानकारी दी।
सुदेश देवी ने कहा कि प्रत्येक महीने के पहले बुधवार को राहगीरी प्रोग्राम आयोजित किया जाता है। इसी कड़ी में आमजन को साइबर क्राइम, महिला सुरक्षा, नशा मुक्ति व अन्य अपराधों बारे जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि तकनीक के जमाने में युवा सोशल मीडिया के विभिन्न प्रारूपों से जुड़ा हुआ है। इनमें फेसबुक, ट्विटर, यूट्यूब इंस्टाग्राम शामिल हैं। इन प्लेटफार्म पर अपनी व्यक्तिगत जानकारी शेयर कर देते है, जिससे साइबर क्राइम की गतिविधियों में काफी बढ़ोतरी देखी गई है। उन्होंने कहा कि साइबर क्राइम के प्रति ज्यादा से ज्यादा जानकारी हासिल करें तथा परिवार व समाज को भी इस बारे जागरूक करें। हमें साइबर अपराधों से बचने के लिए अपनी कोई भी निजी जानकारी किसी के साथ किसी भी प्लेटफार्म पर सांझा नहीं करनी चाहिए।
इसके अलावा एसआई द्वारा पॉक्सो एक्ट, घरेलू हिंसा अधिनियम, चाइल्ड मैरिज एक्ट, यौन उत्पीड़न रोकथाम निषेध व निवारण तथा महिला सशक्तिकरण के बारे में जानकारी दी। महिला हेल्पलाइन नं. 1091, व डायल-112 के बारे में बताया गया। महिलाओं को अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया। एसआई ने बताया कि साइबर फ्रॉड होने पर तुरंत 1930 पर तथा नजदीकी पुलिस स्टेशन में शिकायत दें।
साइबर अपराध के बारे में किया जागरूक
कैथल। मारुति सुजुकी व हुंडई कार एजेंसी में बुधवार को पुलिस टीम ने साइबर अपराध पर जागरुकता अभियान चलाया। साइबर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सुरेंद्र की अगुवाई में पीएसआई शुभ्रांसु की टीम ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों को साइबर अपराध से बचने के लिए सुरक्षात्मक उपाय सुझाए।
बताया कि दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया सभी अपना रहे हैं। इस कारण अपराधी साइबर धोखाधड़ी को अनेक माध्यमों से एक संगठित अपराध के रूप में अंजाम दे रहे हैं। सलाह दी कि किसी भी अनजान व्यक्ति से अपना ओटीपी शेयर न करें और न ही किसी अनजान के साथ आधार नंबर, ईमेल आईडी, सत्यापित कोड व अन्य किसी भी तरह की निजी जानकारी साझा करें। संवाद