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Kaithal News: जिला नागरिक अस्पताल में डेढ़ साल से एक करोड़ की देनदारी

Thu, 08 Feb 2024 02:09 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
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संवाद न्यूज एजेंसी
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कैथल। जिला नागरिक अस्पताल में पिछले डेढ़ साल से एक करोड़ रुपये की दवाओं की राशि अटकी है। यह वह राशि है जब सरकार ने जिला नागरिक अस्पताल में दवाएं खत्म होने पर प्रबंधन को अपने स्तर पर दवाएं खरीदने की अनुमति दी थी। उस समय अस्पताल ने अपने स्तर पर करीब डेढ़ करोड़ रुपये की राशि की दवाएं खरीदी थी। इसके बाद सरकार ने मुख्यालय स्तर पर ही अलग से यह दवाएं खरीदने की अनुमति दे दी।

गौरतलब है कि इसके तहत अपने स्तर पर खरीदी गई दवाओं में डेढ़ करोड़ रुपये की राशि में से अभी तक महज 50 लाख रुपये का ही भुगतान हो पाया है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि इन दवाओं की राशि नियमित रूप से प्रबंधन की ओर से दे दी जाती है।
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इसमें पुरानी दवाओं की राशि की अदायगी तो कर दी जाती है, उसी अनुरूप आगे आई दवाओं की राशि बकाया रहती है। यह क्रमानुसार चलती है।

अक्सर कमी है रहती है जरूरत की कई दवाओं की ः वेयर हाउस में दवाओं की कमी होने का असर जिला नागरिक अस्पताल में दिखता है। इसके तहत अस्पताल में जरूरत की कई दवाओं की कमी हो जाती है। इसमें एंटी बायटिक से लेकर खांसी का सिरप तक शामिल है। इसके साथ ही पैरासिटामॉल की दवाएं भी कई बार मरीजों की संख्या अधिक होने पर कम होती है। ऐसे में निजी खरीद करके ही दवाओं की खपत को पूरा किया जाता है।

मुख्यमंत्री मुफ्त इलाज योजना में निशुल्क मिलती हैं दवाएं ः गौरतलब है प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री मुफ्त इलाज योजना के तहत सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचने वाले मरीजों को दवाएं निशुल्क दी जाती हैं।
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इसके साथ ही टेस्ट भी निशुल्क किए जाते हैं। इसके तहत ही जिला नागरिक अस्पताल प्रबंधन की ओर से दवाओं की खरीद की जाती थी।
कुछ महीने पहले ही दवाओं की राशि के बकाया होने की समस्या जरूर थी। उस दौरान ही यह करीब डेढ़ करोड़ रुपये की राशि थी, लेकिन अब प्रबंधन स्तर पर खरीद बंद हो चुकी है। ऐसे में डेढ़ से 50 लाख रुपये की राशि की अदायगी भी की जा चुकी है। अब दवाओं की राशि के बकाया होने की कोई ऐसी समस्या नहीं है। अब लगातार ही मुख्यालय स्तर से दवाओं की खरीद हो रही है। -डॉ. रेनू चावला, सिविल सर्जन, कैथल।
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