कैथल। महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय के टीक परिसर में भारतीय नववर्ष महोत्सव उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत वैदिक मंत्रोच्चार और हवन से हुई, जिसमें कुलगुरु, प्राध्यापक, शोधार्थी और विद्यार्थियों ने भाग लिया। हवन का संयोजन डॉ. हरीश कुमार ने किया। हवन के बाद आयोजित बौद्धिक गोष्ठी में भारतीय नववर्ष के सांस्कृतिक, वैज्ञानिक और दार्शनिक पहलुओं पर चर्चा की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलगुरु प्रो. राजेंद्रकुमार अनायत ने की, जबकि शैक्षणिक अधिष्ठाता प्रो. संजय गोयल भी मौजूद रहे। मुख्य वक्ता डॉ. नवीन शर्मा ने भारतीय पंचांग की वैज्ञानिकता, ऋतुचक्र और खगोलीय गणनाओं के महत्व पर प्रकाश डाला। संवाद