कैथल की नई अनाज मंडी में रखी गेहूं।
कैथल। जिले की अनाज मंडियों में इन दिनों गेहूं की आवक तेज रफ्तार से हो रही है, लेकिन उठान नहीं होने से मंडियां गेहूं के कट्टों से भर गई हैं। जिससे किसानों को अपनी फसल उतारने के लिए पर्याप्त जगह नहीं मिल रही, वहीं आढ़तियों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार अब तक करीब 1 लाख 10 हजार मीट्रिक टन गेहूं का उठान किया जा चुका है, लेकिन मंडियों में अभी भी लगभग 22 लाख कट्टे पड़े हुए हैं। उठान में हो रही देरी के कारण कई जगह जाम जैसे हालात बन गए हैं। किसानों का कहना है कि एजेंसियों की धीमी कार्यप्रणाली के चलते उन्हें कई दिनों तक अपनी फसल बेचने के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। हालांकि खरीद के आंकड़े संतोषजनक हैं जिले में विभिन्न सरकारी एजेंसियों की ओर से अब तक कुल 4 लाख 76 हजार 414 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की जा चुकी है। इसमें खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने 1 लाख 61 हजार 432 मीट्रिक टन, हैफेड ने 2 लाख 5 हजार 281 मीट्रिक टन और हरियाणा वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन ने 1 लाख 9 हजार 701 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा है।
मंडियों की बात करें तो चीका, कैथल, कलायत, पूंडरी, राजौंद और सीवन जैसे प्रमुख केंद्रों पर बड़े स्तर पर खरीद दर्ज की गई है। चीका अतिरिक्त मंडी में सबसे अधिक 52,956 मीट्रिक टन और कैथल अतिरिक्त नई मंडी में 51,072 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हुई है। इसके अलावा अन्य मंडियों में भी लगातार आवक बनी हुई है।
डीएफसी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि मंडियों से गेहूं उठान का कार्य लगातार जारी है और जल्द ही स्थिति सामान्य कर ली जाएगी। उन्होंने कहा कि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी और एजेंसियों को उठान तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।
कैथल की नई अनाज मंडी में रखी गेहूं।