कलायत के भगवान परशु राम सामुदायिक भवन में कच्ची मिट्टी में दबाई जा रही सीवरेज लाइन
कलायत। भगवान परशुराम सामुदायिक भवन के अधूरे निर्माण कार्य को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। करीब सवा दो करोड़ रुपये के बजट से दोबारा शुरू किए गए निर्माण कार्य में गुणवत्ता और मजबूती संबंधी गंभीर खामियों के आरोप सामने आए हैं। वार्ड कमेटी, पार्षदों और भगवान परशुराम से जुड़े सामाजिक संगठनों ने निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय जांच करवाने की मांग की है। इसकी निगरानी के लिए जिला प्रशासन से विशेष टीम गठित करने का आग्रह किया जा रहा है। जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि वर्ष 2020 से भवन का निर्माण कार्य बंद पड़ा था। लंबे समय तक कंकरीट पिलर खुले में रहने के कारण बुरी तरह कमजोर हो चुके हैं। ऐसे कमजोर और क्षतिग्रस्त पिलरों पर अब रसोई भवन का लेंटर और दीवारों का निर्माण किया जा रहा है। प्रतिनिधियों ने बताया कि कई कंकरीट पिलरों में लगा लोहे का सरिया जंग खा चुका है। पिलरों में दरारें भी दिखाई दे रही हैं। भवन की कुछ जगहों पर नींव धंसने और टूटने के भी संकेत मिले हैं।
मुख्य भवन की छत को लेकर भी लोगों ने चिंता जताई है। उनका कहना है कि पहले से बनी ईंटों की फर्श वाली छत से लगातार रिसाव हो रहा है। ऐसे में केवल मरम्मत या लीपापोती करने के बजाय छत का नए सिरे से निर्माण कराया जाना चाहिए। सीवरेज लाइन के पाइपों को बिना उचित बेड तैयार किए ऊबड़-खाबड़ मिट्टी पर बिछाया जा रहा है। वार्ड कमेटी चेयरमैन अमित वाल्मीकी, पार्षद रवींद्र निर्मल बंटी, प्रीत जगदेव, प्रदीप राणा व अन्य प्रतिनिधियों ने जिला उपायुक्त से मांग की है कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विशेषज्ञों की एक विशेष निगरानी टीम गठित की जाए। वर्ष 2016 में तत्कालीन सीएम मनोहर लाल ने कलायत शहर को भगवान परशुराम सामुदायिक भवन की बड़ी सौगात दी थी।
गुणवत्ता में नहीं रहेगी कोई कमी : जेई
नगरपालिका कनिष्ठ अभियंता अब्दुल वहाब खान ने कहा कि भगवान परशुराम सामुदायिक भवन के निर्माण कार्य की पारदर्शिता और गुणवत्ता बनाए रखने के लिए समय-समय पर निरीक्षण किया जा रहा है। जहां भी किसी प्रकार की लापरवाही या कमी सामने आती है, उसे तत्काल दूर करवाया जाता है। साथ ही सामाजिक संगठनों की ओर से दिए गए सुझावों को भी गंभीरता से लेते हुए निर्माण कार्य को निर्धारित मानकों के अनुसार पूरा कराया जाएगा। संवाद
कलायत के भगवान परशु राम सामुदायिक भवन में कच्ची मिट्टी में दबाई जा रही सीवरेज लाइन