दहेज प्रथा के खिलाफ नाटक की प्रस्तुति देतीं छात्राएं। संवाद
राजौंद। आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल, जाखौली में दहेज प्रथा जैसी गंभीर सामाजिक कुरीति के खिलाफ जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से एक भावुक व प्रभावशाली लघु नाटिका का मंचन किया गया। विद्यार्थियों की सजीव और मार्मिक प्रस्तुति ने उपस्थित दर्शकों के दिलों को छू लिया और पूरे माहौल को भावुक बना दिया।
नाटिका के माध्यम से एक बेटी के दर्द, माता-पिता की बेबसी और दहेज के कारण टूटते रिश्तों की सच्चाई को बेहद संवेदनशील तरीके से दर्शाया गया। कलाकारों के सशक्त अभिनय ने ऐसा प्रभाव छोड़ा कि कई दर्शकों की आंखें नम हो गईं। कार्यक्रम ने सभी को दहेज जैसी सामाजिक बुराई के खिलाफ गंभीरता से सोचने पर मजबूर कर दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यालय के प्रधानाचार्य ओपी शर्मा ने की। उन्होंने कहा कि बेटी कभी बोझ नहीं होती बल्कि वह परिवार का गर्व और समाज की शान होती है। उन्होंने दहेज प्रथा को जड़ से समाप्त करने का आह्वान करते हुए विद्यार्थियों के इस प्रयास की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रस्तुतियां समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में अहम भूमिका निभाती हैं।
दहेज प्रथा के खिलाफ नाटक की प्रस्तुति देतीं छात्राएं। संवाद