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एनआरएचएम के डीपीएम नरेंद्र कुमार को निलंबित या टर्मिनेट सस्पेंड करने की सिफारिश

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एसडीएम संजय कुमार ने एनआरएचएम (नेशनल हेल्थ मिशन) में कार्यरत जिला प्रोजेक्ट मैनेजर (डीपीएम) नरेंद्र कुमार को तुरंत प्रभाव से निलंबित या टर्मिनेट करने की सिफारिश सीएम विंडो पर की है। एसडीएम ने बताया कि नरेंद्र कुमार पिछले पांच सालों से लगातार न केवल नौकरी पर बना रहा, बल्कि हर वर्ष यह बात अपने कांट्रेक्ट की शर्तों में छुपाता रहा कि उसके खिलाफ सात मामले तथा सीबीआई की एफआईआर दर्ज है। साथ ही आरटीआई कार्यकर्ता जयपाल ने अपनी शिकायत में यह भी बताया था कि नरेंद्र कुमार ने डीपीएम रहते हुए करोड़ों रुपये की कंपनी स्थापित कर उसके डायरेक्टर के तौर पर भी काम किया। जबकि एनएचएम के नियमों व शर्तों के मुताबिक कोई भी कर्मचारी नौकरी के साथ बिजनेस या प्राइवेट प्रैक्टिस नहीं कर सकता। एसडीएम ने मंगलवार को दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए थे। जिसके बाद यह सिफारिश की गई।
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जानकारी के अनुसार सीएम विंडो पर आरटीआई कार्यकर्ता जयपाल रसूलपुर ने एक शिकायत की थी। जिसमें रसूलपुर ने कहा था कि वर्ष 2016 में सरकारी कारपोरेशन बैंक के डिप्टी जनरल मैनेजर द्वारा दस्तावेजों में छेड़छाड़, भ्रष्टाचार, धोखाधड़ी के तहत सीबीआई में केस दर्ज करवाया था। जिसमें नरेंद्र कुमार आरोपी है और जमानत पर बाहर है। नरेंद्र कुमार पर चेक बाउंस के सात मामले करनाल कोर्ट में लंबित हैं। साथ ही नरेंद्र ने करनाल न्यायालय से भी जमानत ली हुई है। सुनवाई के दौरान लगातार नौकरी पर भी हाजिरी लगाता था और अदालत की पेशियों पर भी हाजिरी लगाता था। जयपाल ने सभी प्रकार के कागजात सीएम विंडो में देते हुए मांग की थी कि उक्त डीपीएम नरेंद्र कुमार को तुरंत प्रभाव से नौकरी से हटा देना चाहिए। क्योंकि नेशनल हेल्थ मिशन के कर्मचारी को दिए जाने वाले कांट्रेक्ट के अनुसार यदि किसी भी कर्मचारी के खिलाफ कोई भी एफआईआर, पुलिस केस या कोर्ट केस लंबित है तो ऐसे कर्मचारी का कांट्रेक्ट तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया जाएगा तथा उसका आगामी कांट्रेक्ट रिन्यू नहीं किया जाएगा।
एसडीएम संजय कुमार ने इस बात की पुष्टि करते हुए कहा कि जांच में उनके सामने यह तथ्य सामने आया है कि कर्मचारी नरेंद्र कुमार के खिलाफ 420 जैसी गंभीर धाराओं में केस दर्ज हैं। ऐसे में यह नैतिक अधमता का मामला बनता है। इसीलिए उन्होंने नरेंद्र कुमार को निलंबित या फिर टर्मिनेट करने की सिफारिश कर दी है।
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