जितेंद्र कुमार
कैथल। इंटरनेट सेवा बंद होने से सीएससी केंद्रों पर काम काज प्रभावित हो रहा है। हालांकि जिले में रजिस्टर्ड व अल्टरनेट के रूप में 550 से ज्यादा सीएससी केंद्र हैं, लेकिन उनमें से केवल आधे सेंटर ही ऐसे हैं, जिनके पास ब्रॉडबैंड या फिर ऑप्टीकल फाइबर से इंटरनेट चलाने की सुविधा है। जिन स्थानों पर नेट ब्रॉडबैंड व अन्य माध्यमों से चल रहा है, वहां भी लोगों को सर्विस व स्कीमों का लाभ लेने में दिक्कतें आ रही हैं। सेवा या योजना का लाभ पाने के लिए केंद्रों में पहुंचने वाले लोगों के पास ओटीपी तक नहीं आ रहा।
केंद्र संचालकों के अनुसार एक सेंटर पर रोजाना करीब 15 से 20 व्यक्ति विभिन्न प्रकार के ऑनलाइन कार्य करवाने के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में 550 से ज्यादा सेंटरों पर आने वाले लोगों की संख्या हजारों में बनती है। प्रमाण पत्र बनवाने, आधार कार्ड संबंधित कार्य, फैमिली आईडी, कृषि औजारों की सब्सिडी, मेरी फसल मेरा ब्यौरा, ऑनलाइन आवेदन, बिल जमा करवाने के व अन्य कार्य बंद पड़े हैं।
सीएससी केंद्र संचालकों का कहना है कि इंटरनेट बंद होने के कारण उनके पास 20 प्रतिशत कार्य भी नहीं रहा है।
ये बोले सेंटर संचालक
20 प्रतिशत भी नहीं रहा काम
सीएससी सेंटर संचालक संदीप ने बताया कि केंद्रों में वैसे ही ग्राहक आना बंद हैं। अगर कोई आता भी है तो उसे ये कहकर वापस भेजना पड़ता है कि आज इंटरनेट बंद है। 20 प्रतिशत भी काम नहीं रहा है।
ऑनलाइन वेबसाइटों पर कार्य बंद
सेंटर संचालक विनय कुमार ने बताया कि नेट नहीं चलने से कोई भी ऑनलाइन साइट नहीं खुल रही है। केवल फोटो स्टेट का काम ही रह गया है। बिना नेट किसी के आधार कार्ड का प्रिंट तक नहीं निकाल पा रहे हैं।
सेंटर के चक्कर काट रहे लोग
सेंटर संचालक कपिल ने बताया कि लोग सेंटरों में विभिन्न कार्यों से आ रहे हैं, वे चक्कर लगा रहे हैं। कई व्यक्ति उनके पास आ चुके हैं, लेकिन एक भी काम नहीं हो रहा है। कमाई भी न के बराबर ही रह गई है।
नेट ही नहीं कैसे करें ऑनलाइन कार्य
सेंटर संचालक ईश्वर दयाल ने कहा कि सरकार सेवाओं को ऑनलाइन करने की बात कहती है, लेकिन इंटरनेट ही बंद रहेगा तो ऑनलाइन काम कैसे होंगे? न कार्ड बन रहे हैं और न ही फार्म भरने का कार्य हो रहा है।
लोगों ने कहा
शहरवासी जगजीत सिंह ने कहा कि वह बच्चों के सर्व शिक्षा अभियान से संबंधित फार्म भरवाने के लिए आया था। दो दिन से अलग-अलग जगहों पर चक्कर काट रहा है, लेकिन कहीं भी काम नहीं हो रहा। अगर जल्द नेट नहीं चला तो फार्म भरवाने का समय भी निकल जाएगा।
छात्र अजय ने बताया कि वह जॉब के लिए फार्म भरवाने आया था, लेकिन न तो ऑनलाइन कार्य करने वालों के पास फार्म भरा गया है और न ही सीएससी में नेट की सुविधा है। अगर ब्रॉडबैंड पर वेबसाइट खुल भी जाती है तो डॉक्यूमेंट अपलोड नहीं हो रहे।
अपने बड़े भाई मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने पहुंचे सतीश ने बताया कि वह कई सेंटरों पर पता कर चुका है, लेकिन इंटरनेट नहीं होने से कहीं भी काम नहीं हो रहा है। हर जगह यहा जा रहा है कि नेट चलने के बाद ही प्रमाण पत्र बन पाएगा।
कॉमन सर्विस सेंटरों के जिला प्रबंधक वसीम अहमद ने बताया कि जिले में रजिस्टर्ड सेंटरों पर ज्यादातर काम पहले की तरह हो रहे हैं। ब्रॉडबैंड के माध्यम से इंटरनेट सेवा जारी है। अगर कोई दिक्कत आती है तो वह ओटीपी के कारण आती है। केवल अल्टरनेट सेंटर पर ही थोड़ी दिक्कतें हैं।