वीरवार एक दिसंबर को पगार के लिए कर्मचारी सरकार की घोषणा अनुसार नकदी के लिए बैंकों में पहुंचे। लेकिन अधिकतर बैंकों में कर्मचारियों को घोषणा के अनुसार 10 हजार रुपये नकदी नहीं मिल पाई। हालांकि कुछ बैंकों में कर्मचारियों को नकदी देने में वरीयता दी गई।
वीरवार सुबह कर्मचारी वेतन आने के चलते नकदी के लिए लाइनों में लगे। बैंकों में नकदी की कमी के कारण कर्मचारियों को भी खाली हाथ लौटना पड़ा।
वेतन के पहले दिन पंजाब नैशनल बैंक, एक्सिस बैंक और एसबीआई बैंक से वेतन लेने पहुंचे रमेश, शमशेर सिंह और गुरनाम सिह ने बताया कि वह वेतन के लिए ड्यूटी से छुट्टी लेकर बैंकों में लाइन में खड़े।
एसबीआई बैंक में सबसे ज्यादा वेतन भोगियों के खाते हैं। यहां पहले दिन कर्मचारियों को 2 से लेकर 5 हजार रुपये तक वेतन दिया जा सका। क्योंकि यहां इतनी ज्यादा नकदी नहीं पहुंची थी कि सभी कर्मचारियों को 10-10 हजार रुपये नकदी दी जा सके। इसी प्रकार से पीएनबी में 4 से 5 हजार रुपये तक दिए जा सके। वहीं एक्सिस बैंक में पहुंचे कर्मचारियों को 10 हजार रुपये तक नकदी मिल गई।
पहले दिन आना था ज्यादा कैश, आया सामान्य दिनों से भी कम
वीरवार को इस माह का वेतन का पहला दिन होने के कारण ज्यादा नकदी पहुंचने का अनुमान था। लेकिन जिले में सामान्य दिनों के 10 से 12 करोड़ की बजाए करीब 8 से 9 करोड़ रुपया पहुंचा। जिस कारण दिन भर लोग नकदी के लिए बैंकों में खड़े रहे।
लीड बैंक मैनेजर टी के राणा ने बताया कि शुक्रवार को ज्यादा नकदी पहुंचने का अनुमान है। साथ ही कई बैंक विभागों के मुखियाओं को नकदी देने पर विचार कर रहे हैं, ताकि वे अपने कर्मचारियों की संख्या अनुसार वेतन की 10-10 हजार रुपये की नकदी दे सकें।