हरियाणा स्वर्ण जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में जिला प्रशासन द्वारा आरकेएसडी स्नातकोत्तर महाविद्यालय में शानदार सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया गया। सांस्कृतिक संध्या में विभिन्न कलाकारों द्वारा हरियाणा की समृद्ध संस्कृति की विभिन्न विधाओं की प्रस्तुति पर दर्शक झूमते नजर आए। इन सांस्कृतिक विधाओं में जहां प्रदेश की संस्कृति की झलक देखने को मिली, वहीं पिछले 50 वर्षों में हरियाणा में हुए विकास का भी जिक्र किया गया।
सांस्कृतिक संध्या के मुख्यातिथि डीसी रवि प्रकाश गुप्ता ने कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन से किया। उन्होंने उपस्थितगण को संबोधित करते हुए कहा कि हर व्यक्ति हरियाणा स्वर्ण जयंती उत्सव को एक उत्सव की तरह मनाएं। महाविद्यालय के प्राचार्य डा. ओपी गर्ग ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए हरियाणा प्रदेश के गठन से अब तक के विकास पर प्रकाश डाला। उन्होंने अपनी सांस्कृतिक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए रागनी भी प्रस्तुत की, जिसके बोल थे- लेणा एक ना देणा दो, दिलदार बणे हांडै सै, मन में घुंडी रह पाप की यार बणे हांडै सै। इस अवसर पर उपमंडलाधीश एसडीएम मनदीप कौर एवं ओमप्रकाश, सीटीएम वीरेंद्र सिंह सांगवान, डीएसपी सतीश गौतम सहित जिला प्रशासन तथा महाविद्यालय का शैक्षणिक स्टाफ मौजूद रहा।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में जमाया रंग:-सांस्कृतिक संध्या की शुरूआत सजूमा स्कूल के समूह गान से हुई। इस समूह गान में भारत की प्राचीन संस्कृति का वर्णन किया गया था। इसके उपरांत डा. बलजीत सिंह ढुल के नेतृत्व में महाविद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा हरियाणवी रीति रिवाजों का भव्य प्रदर्शन किया गया, जिसमें शादी का मंडप से लेकर सात फेरे तक की रस्मों को दर्शाया गया। विवाह के अवसर पर गाए जाने वाले लोक गीतों पर सभी दर्शक झूमने को मजबूर हो गए। इसके उपरांत प्रदेश की समृद्ध संस्कृति की पहचान रखने वाले हरियाणवी नृत्य प्रस्तुत किया गया।
इस नृत्य में प्रदेश की संस्कृति की शानदार झलक देखने को मिली तथा दर्शक इस नृत्य पर तालियां बजाने पर मजबूर हुए। इसके अतिरिक्त हरियाणवी आर्केस्ट्रा में संगीत के विभिन्न वाद्य यंत्रों का वादन किया गया, जिसमें कार्यक्रम में चार चांद लगाने का कार्य किया। साथ ही एमडीएन स्कूल कलायत की स्नेहा वर्मा ने पंजाबी लोक गीतों पर नृत्य करके सभी का मन मोह लिया। इन कार्यक्रमों के अतिरिक्त रागनी भी प्रस्तुत की गई तथा हास्य कलाकार राजीव शर्मा ने अपने चुटकुलों से दर्शकों का खूब मनोरंजन किया। विद्यार्थियों द्वारा लघु नाटिका भी प्रस्तुत की गई। इस अवसर पर जिला न्यायवादी राजेंद्र कुमार कुकरेजा, जिला खजाना अधिकारी सुनीता शर्मा, तहसीलदार विकास सिंह, महाविद्यालय के स्टाफ में आरती अग्रवाल, संजय गोयल, शमशेर ढुल, डा. किशन लाल, डा. अशोक शर्मा, डा. गगन मित्तल, डा. शिल्पी अग्रवाल, प्रो. श्री ओम, सत्यवीर मैहला, डा. ओपी सैनी, डा. हरेंद्र गुप्ता, डा. अशोक अत्री, डा. गगन, डा. जयवीर धारीवाल, प्रो. अंजली, प्रो. रचना सरदाना सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।