कलायत। नामांकन से पूर्व शुरू हुआ टिप्पणियों का सिलसिला अब बूथ कैप्चरिंग व बाहर की बिना नंबर प्लेट की गाडिय़ों के आरोप पर आकर रुक गया है। कांग्रेस प्रत्याशी विकास सहारण ने चुनाव आयोग में शिकायत दी है कि उनके क्षेत्र में बूथ कैप्चरिंग हो सकती है जिससे चुनाव प्रभावित होगा। दूसरी और कांग्रेस की बागी निर्दलीय उम्मीदवार अनीता ढुल ने इसी संदर्भ में चुनाव आयोग में शिकायत की है कि उनके विधानसभा क्षेत्र में बाहर की बिना नंबर प्लेट की गाडिय़ां घूम रही हैं। न तो नंबर प्लेट हैं और ऐसी गाडिय़ों के शीशे काले हैं। उन्होंने आशंका व्यक्त की है कि चुनाव के समय में संदिग्ध अवस्था में घूम रही गाड़ियों में बैठे लोग मतदाताओं को प्रभावित कर सकते हैं। दोनों ही शिकायतों पर प्रशासन ने संज्ञान लेते हुए एहतियातन कदम उठाए हैं। उपायुक्त ने बताया की संबंधित क्षेत्रों में चुनाव प्रभावित न हो इसके लिए फ्लैग मार्च किया जा रहा है।
एरिया डोमिनेशन के लिए प्रबंध किए गए हैं और बूथों पर माइक्रो ऑब्जर्वर रखे गए हैं। कांग्रेस की टिकट मांगने वाली अनीता ढुल ने कांग्रेस पार्टी को छोड़ निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनावी ताल ठोक दी। जयप्रकाश चुनाव लड़ने और लड़वाने में महारथी हैं और उनका मतदाताओं पर व्यापक प्रभाव रहा है। इस बार उन्हें भी बूथ कैप्चरिंग की आशंका है। इस बात को लेकर चुनावी गलियारों में चर्चा गर्म है कि इन दोनों प्रत्याशियों की तनातनी का फायदा कोई तीसरा प्रत्याशी न उठा जाए।
वोटों का यदि हिसाब लगाया जाए तो कलायत विधानसभा में जाटों के करीब 90 हजार वोट हैं जिनमें से 70 हजार तक वोटिंग जा सकती है। जाटों के वोट पांच प्रत्याशियों में बंट गए। गैर जाट वोटों में भाजपा के बागी प्रत्याशी पंडित विनोद निर्मल ध्रुवीकरण करने में सफल हो रहे हैं। ऐसे में चुनावी स्थिति पूरी तरह से असमंजस की बनी है।