संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस के उपलक्ष्य में भारतीय शतरंज महासंघ (एआईसीएफ) ने देश के प्रतिभाशाली शतरंज खिलाड़ियों के लिए वजीफा योजना शुरू करने की घोषणा की है। यह योजना खिलाड़ियों की प्रतिभा को निखारने और उन्हें वित्तीय सहयोग देने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
हरियाणा शतरंज एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव ब्रह्मचारी कुलदीप ने जानकारी देते हुए बताया कि इस योजना के तहत अंडर-7 से अंडर-19 आयु वर्ग के खिलाड़ियों को 60,000 रुपये से लेकर 1.5 लाख रुपये तक की प्रथम तिमाही वजीफा राशि उनके खातों में सीधे भेजी जा रही है। अप्रैल से जून 2025 की इस तिमाही के लिए कुल 43 लाख रुपये की राशि वितरित की जाएगी।
उन्होंने बताया कि यह योजना देशभर में शतरंज के उभरते खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करेगी और जमीनी स्तर पर खेल को मजबूत बनाएगी। उदाहरणस्वरूप, भारत के 9 वर्षीय प्रतिभाशाली खिलाड़ी आरित कपिल ने हाल ही में पांच बार के विश्व चैंपियन मैग्नस कार्लसन को टक्कर देते हुए मैच ड्रा करने पर मजबूर कर दिया, जो भारतीय शतरंज की नई पीढ़ी की ताकत को दर्शाता है।
प्रारंभिक कार्यक्रमों का आयोजन चरखी दादरी, रोहतक, हिसार, जींद और भिवानी में किया जाएगा।
संघ का कैलेंडर भी जारी
कुलदीप ने बताया कि एचसीए (हरियाणा शतरंज एसोसिएशन) ने वर्ष 2025 का संशोधित खेल कैलेंडर भी जारी कर दिया है। इसके तहत “स्वस्थ, उज्ज्वल, नवीन और सुरक्षित शतरंज” मिशन के अंतर्गत हर महीने चार या उससे अधिक जिलों में इंटर-डिस्ट्रिक्ट शतरंज चैंपियनशिप आयोजित की जाएंगी।