वीरवार को वाहनों की जांच के दौरान कार चालक द्वारा पुलिस कर्मचारी को टक्कर के मामले में पुलिस ने चालक के खिलाफ हत्या का प्रयास करने व सरकारी ड्यूटी में बाधा पहुंचाने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है। वहीं एसपी लोकेंद्र सिंह ने शाह अस्पताल पहुंच कर शुक्रवार की सुबह घायल पुलिस कर्मचारी का हाल चाल जाना।
दुर्घटना में घायल सब इंस्पेक्टर धर्मवीर सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह कैथल पुलिस में थाना यातायात में अतिरिक्त प्रबंधक है। सात जनवरी को वह ईएसआई राजेंद्र सिंह, ईएचसी विनोद कुमार और ईएचसी जसमेर सिंह सहित पाडला रोड पर वाहनों की चेकिंग कर रहा था। करीब 12.30 बजे गांव पाड़ला की तरफ से एक सफेद रंग की कार आई। उसको रुकने का इशारा किया तो कार के चालक ने गाड़ी करीब 15 कदम पीछे रोक दी। कार को एक लड़का चला रहा था। ड्राइवर को गाड़ी के कागज चेक करवाने के बारे में कहा तो चालक ने जान से मारने की धमकी दी और सीधी टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही वह सड़क पर गिर गया। कार के चालक ने अपनी कार को बैक किया और दोबारा तेज स्पीड से उसके ऊपर चढ़ाने के लिए दौड़ाई। वहां मौजूद कर्मचारियों ने उसको एकदम उठा लिया। आरोपी कार चालक उसकी कार को कैथल की तरफ भगा ले गया। इस घटना में उसे गंभीर चोटें लगी। साथी कर्मचारियों ने उसे इलाज के लिए शाह अस्पताल में पहुंचाया। ड्राइवर के बराबर वाली सीट पर एक लड़का और भी बैठा था। एसआई महासिंह ने बताया कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 307 सहित सरकारी ड्यूटी में बाधा पहुंचाने के आरोप में मामला दर्ज कर लिया है।
एसपी ने अस्पताल में जाकर घायल सबइंस्पेक्टर का हालचाल जाना-एसपी लोकेंद्र सिंह ने अस्पताल में जाकर ट्रैफिक पुलिस के सबइंस्पेक्टर धर्मबीर का हालचाल जाना। उनके साथ डीएसपी ट्रैफिक राज सिंह, थाना प्रबंधक यातायात सबइंस्पेक्टर मुखत्यार सिंह व अन्य कर्मचारी-अधिकारी मौजूद रहे।