गुहला-चीका। चीका-पिहोवा मुख्य मार्ग पर शुक्रवार को हरिगढ़ किंगन गांव के गुस्साए ग्रामीणों ने जाम लगा दिया। वे 100-100 गज के प्लॉटों का कब्जा न दिलाएं जाने से नाराज चल रहे हैं। मुख्य मार्ग पर जाम लगने से सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गई। सूचना पर पहुंचे चीका थाना प्रभारी शिव कुमार ने उन्हें समझाया पर वे नहीं माने। बाद में पटवारी व ग्राम सचिव के सोमवार से कार्रवाई के आश्वासन पर वे माने।
जाम लगा रहे ग्रामीण दरबारा सिंह, जसमेर सिंह, सुरजीत सिंह, भीरा राम ने बताया कि महात्मा गांधी बस्ती योजना के तहत साल 2014 में भूपेंद्र हुड्डा सरकार ने गांव में 273 गरीब परिवारों के लिए सौ सौ गज के प्लॉट दिए थे। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत ने प्लॉट काट दिए और प्रशासन ने उनके नाम रजिस्टरी भी करवा दी, लेकिन कब्जा नहीं दिलाया। ग्रामीणों ने बताया कि प्लॉटों का कब्जा लेने के लिए वे पिछले नौ सालों से सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगा रहे, लेकिन अधिकारी उनकी एक नहीं सुन रहे।
ग्रामीणों ने बताया कि गत 30 मई को भी दर्जनों ग्रामीण बीडीपीओ चीका अशोक से उनके कार्यालय में मिले थे और उन्हें पूरे मामले से अवगत करवाया था। बीडीपीओ ने उन्हें आज शुक्रवार तक कब्जा दिलाने का समय दिया था, लेकिन आज कोई भी अधिकारी कब्जा दिलाने गांव में नहीं आया जिसके बाद उन्हें जाम लगाना पड़ा।
मुख्य मार्ग पर जाम लगाने की सूचना मिलते ही चीका थाना प्रभारी शिव कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बात कर जाम खोलने की अपील की, लेकिन ग्रामीणों ने जाम नहीं खोला। इस दौरान उन्होंने जमकर नारेबाजी भी की। ग्रामीण इस बात पर अड़े थे कि पहले उन्हें प्लॉटों का कब्जा दिलाने का पक्का आश्वासन मिले। इसके बाद पंचायत विभाग के पटवारी सुभाष चंद व ग्राम सचिव प्रवीन कुमार को मौके पर बुला ग्रामीणों से बात करवाई। पटवारी सुभाष ने ग्रामीणों को भरोसा दिया कि उन्हें प्लॉटों का कब्जा दिलाने की कार्रवाई सोमवार से शुरू कर दी जाएगी।
इसके बाद ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि सोमवार को भी उन्हें प्लॉटों का कब्जा नहीं दिया तो वे इससे भी बड़ा आंदोलन छेड़ेंंगे। इस मौके पर रोहताश, गुरमीत, लाभ सिंह, वीरभान, कृष्ण, रामफल, पाला राम, नायब, राजेश, बलवान, अनिल, गेजा, शंकुतला, छोटी देवी, ओमी, बिमला व राजपति मौजूद रहे।