संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। लघु सचिवालय स्थित सभागार में कुपोषण मुक्त गांव अभियान के तहत अतिरिक्त उपायुक्त दीपक बाबू लाल करवा ने बैठक ली। इस मौके पर उन्होंने चयनित 60 गांव में पोषण से संबंधित कार्यों का ब्योरा लिया गया।
उन्होंने कहा कि कुपोषण मुक्त गांव अभियान के तहत संबंधित विभागों के अधिकारी आपसी तालमेल से कार्य करें, ताकि कुपोषण को जड़ से खत्म किया जा सके। जागरूकता अभियान चलाकर ज्यादा से ज्यादा लोगों को इस संबंध में जागरूक किया जाए।
उन्होंने कहा कि हमें गहराई से कुपोषण के कारणों का पता लगाकर कुपोषण स्तर को कम करना है। बच्चों में कुपोषणता के साथ-साथ हमें दूध पिलाने वाली महिलाओं, गर्भवती महिलाओं को भी जागरूक करना आवश्यक है। सभी सुपरवाइजर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की कार्य कुशलता को बेहतर करें ताकि लोगों को पोषण के बारे में जागरूक किया जा सके। माताओं को आंगनबाड़ी केंद्रों में मिलने वाले राशन की गुणवत्ता के बारे में जागरूक करे।
विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी गुरजीत कौर ने बताया कि समय-समय पर बैठक आयोजित करके कुपोषण मुक्त गांव अभियान की मॉनिटरिंग की जा रही है, जिससे सुपरवाइजरों की कार्य कुशलता में काफी सुधार हुआ है।
कसान और जाखौली
में केंद्रों का दौरा
राजौंद/कैथल। एडीसी दीपक बाबूलाल करवा ने सोमवार को पोषण अभियान के तहत कसान व जाखौली गांव स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों को दौरा किया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने सबसे पहले बच्चों को दिए जा रहे आहार की गुणवत्ता और प्रारंभिक शिक्षा आदि के बारे में जानकारी ली। इसके बाद स्वयं राशन की गुणवत्ता को जांचा। बाद में संबंधित आंगनबाड़ी वर्कर को बुलाकर बच्चों की संख्या सहित विभाग द्वारा दी जा रही सुविधाओं की जानकारी हासिल की। उन्होंने निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से आंगनबाड़ी केंद्रों को खोलें और बच्चों को गुणवत्तापूर्ण आहार एवं प्रारंभिक शिक्षा प्रदान करें। आंगनबाड़ी केंद्र में राशन व अन्य सामान का उचित रखरखाव रखें। आंगनबाड़ी में साफ सफाई आदि का विशेष ध्यान रखें और बच्चों की हाजिरी लगाने का सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्रों के दौरे में सब सही पाया गया।