संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। पुलिस ने जर्मनी भेजने के नाम पर लाखों रुपये ठगी मामले में एक आरोपी गिरफ्तार किया है। पुलिस ने वीरवार को न्यायालय में आरोपी को पेश कर पूछताछ के लिए उसे दो दिन के रिमांड पर लिया है।
इस मामले में इकनॉमिक सेल प्रभारी पीएसआई संदीप कुमार की टीम ने जांच करते हुए भाणा निवासी रजत को गिरफ्तार किया। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि भाणा निवासी गुरमीत ने दी शिकायत में बताया था कि वह 12वीं पास है और विदेश जाना चाहता था।
इसी साल जनवरी महीने में उसके पिता की मुलाकात भाणा निवासी सुरेंद्र कुमार के साथ हुई। सुरेंद्र ने कहा कि मेरा बेटा रजत जर्मनी रहता है, अगर आप अपने बेटे गुरमीत को जर्मनी भेजना चाहते हैं तो मैं अपने बेटे से बात करके भिजवा दूंगा।
गुरमीत के मुताबिक, कुछ दिन बाद सुरेंद्र अपने पत्नी प्रवीन के साथ घर पहुंचा और कहा कि रजत से बात हो गई है, वह गुरमीत को जर्मनी का वीजा लगवा देगा। आरोपियों ने वीजा लगवाने के 15 लाख रुपए मांगे। उन्हें पूरे यकीन दिलवाया कि 15 लाख रुपये में जर्मनी का वर्क वीजा लगवा देंगे। उन्होंने 13 लाख रुपये व कागजात आरोपियों को दे दिए। इसके बाद आठ अप्रैल को रजत ने जर्मनी का वीजा व दुबई की टिकट उनके घर भिजवा दी। वह उसी दिन रवाना हो गया। रजत ने दुबई के एक होटल में उसके रुकने का प्रबंध किया हुआ था।
इस दौरान आरोपी मोबाइल पर उसके संपर्क में रहा। कई दिन होटल में रुकने के बाद रजत ने अपने माता-पिता को दो लाख रुपये और देने की बात कही तो उसने परिवार से बात करके दो लाख रुपये भिजवा दिए। इसके बाद आरोपी ने उसके फोन उठाने बंद कर दिए। आरोपी के माता-पिता ने भी कोई बात नहीं सुनी। गांव में पंचायत हुई तो आरोपियों ने रुपये देने की बात कही, लेकिन फिर टाल-मटोल करने लगे।
धमकी दी कि रुपये वापस मांगे तो गुरमीत को दुबई में ही मरवा देंगे। वह किसी तरह भारत वापस लौटा। यहां आने पर पता चला कि जर्मनी का नकली वर्क वीजा मोबाइल पर भेजा था। जिस बारे थाना पूंडरी में मामला दर्ज कर लिया गया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया। पूछताछ के लिए पुलिस ने उसे दो दिन के रिमांड पर लिया है।