संवाद न्यूज एजेंसी
राजौंद। नगर के पूंडरी मार्ग से गुजर रही राजौंद माइनर के साथ आपदा प्रबंधन में चल रहे निर्माण कार्य में लापरवाही व घटिया स्तर की सामग्री लगाने का आरोप लोगों ने लगाया है। लोगों ने सिंचाई विभाग से इसकी शिकायत की। आरोप यह भी है कि शिकायत होने के बावजूद भी कोई कार्रवाई नहीं हो रही।
किसान मनजीत, प्रदीप, रामपाल, मनदीप, शीशपाल, रजत कुमार ने बताया कि नगर के लोगों ने बताया कि पूंडरी रोड पर राजौंद माइनर के साथ-साथ राजौंद डिस्ट्रीब्यूटरी तक फ्लड रेसिंग के लिए चलाए जा रहे वॉटर पंपिंग सिस्टम के निर्माण में जो सामग्री इस्तेमाल हो रही है, वह मानदंडों के अनुसार नहीं है। उन्होंने बताया कि मेनबोल अभी से टूटने भी शुरू हो गए हैं।
इस्तेमाल की जाने वाली ईंटें भी अव्वल दर्जे की नहीं है और न ही इसका लेवल करके इसे बनाया जा रहा है। जिस वजह से पानी की निकासी सही नहीं हो पाएगी। उन्होंने बताया कि 14 अगस्त को सिंचाई विभाग के एसडीओ के नाम इस बारे लिखित में शिकायत भी दी थी। लेकिन विभाग द्वारा अभी तक भी कोई ध्यान नहीं दिया गया और न ही घटिया स्तर की सामग्री को हटाया गया है।
उन्होंने बताया कि जो मेन हाल बनाए गए हैं, वह टूटने भी शुरू हो गए हैं। हालांकि चार-पांच किलोमीटर का निर्माण कार्य है। उन्होंने बताया कि इसमें जितना भी निर्माण कार्य किया गया। उसमें ज्यादातर कार्य रात को किया गया है। जब इसमें पानी का प्रेशर आएगा तो लोगों की फसलें खराब होंगी। उन्होंने शिकायत के माध्यम से कहा है कि इसकी जांच करवाई जाए और घटिया सामग्री को बंद करवाया जाए।
सिंचाई विभाग के एसडीओ धीरज कैरों ने बताया कि टूट गए मेनहोल दोबारा बनाए जाएंगे। विभाग के जेई व संबंधित निर्माण एजेंसी की ओर से मौके पर लेबल चेक करके ही निर्माण किया जा रहा है। काम में कोई भी लापरवाही सहन नहीं की जाएगी। इसके लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। वह खुद मौके पर पहुंचकर चेक करेंगे।