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किसानों की हुई जर्जर हालत के लिए भाजपा सरकार जिम्मेवार: माजरा

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किसानों की हालत के लिए भाजपा सरकार जिम्मेवार: माजरा
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अमर उजाला ब्यूरो
कलायत। किसानों की समस्याओं और एसवाईएल नहर के निर्माण को लेकर पूर्व संसदीय सचिव रामपाल माजरा के नेतृत्व में इनेलो ने एसडीएम कार्यालय पर एक दिवसीय धरना दिया। धरने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया। संबोधित करते हुए माजरा ने कहा प्रदेश सरकार की जनविरोधी नीतियों के कारण बिजली की निरंतर कटौती की जा रही है जिसके कारण पेयजल समस्या भी गहरा गई है। प्रदेश सरकार बार बार दावे कर रही हैं कि बिजली सरप्लस में है तथा उपभोक्ताओं को 24 घंटे बिजली आपूर्ति की जा रही है। यदि आपूर्ति सही है तो प्रदेश में बिजली कार्यालयों पर गांवों के लोग लगातार प्रदर्शन किस लिए कर रहे हैं। गांवों में बिजली आपूर्ति का 12 घंटे का शेडयूल बनाया हुआ है पर गांव में केवल 4 घंटे ही बिजली मिल रही है। पूरे प्रदेश में बिजली पानी जैसी मूलभूत आवश्यकताओं को लेकर लोग सड़कों पर हैं पर सरकार केवल अपने गुणगान में ही लगी है। पिछले दिनों प्रदेश में करीब 3 हजार एकड़ गेहूं आग की भेंट चढ़ गई। सरकार को उसका मुआवजा तो क्या देना था, आग को बुझाने के लिए आई फायर बिग्रेड की गाड़ियों के किराए का बिल किसान को थमा दिया गया। भाजपा ने किसानों की अर्थिक दशा सुधारने के लिए स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने के नाम पर सत्ता हासिल की थी। सत्ता हासिल करने के बाद लाभकारी मूल्य की बजाए किसानों पर गोली व लाठी भांजकर उनकी आवाज को दबाया जा रहा है। किसानों की रीढ़ एसवाईएल का पानी लाने में भाजपा केवल भाषणबाजी कर रही है। एसवाईएल के पानी को प्रदेश में लाने के लिए पूर्व उपप्रधानमंत्री देवी लाल के समय से 40 वर्षों से संघर्ष कर रही है। इनेलो विधायक जसविंद्र संधू ने कहा कि आने वाले चुनावों में प्रदेश की जनता पूर्व उपप्रधानमंत्री चौधरी देवीलाल व पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला की आम जन व किसान हितैषी नीतियों के चलते इनेलो को सत्ता सौंपने का मन बना चुकी है। इस अवसर पर एडवोकेट शशि वालिया, महिला जिला प्रधान कमलेश, हलका प्रधान मा.बलबीर मटौर, रामफल मोर, सतीश राणा, शमशेर सिंह, सूबे सिंह कुराड, जिप्पी शोरेवाला, हलका युवा प्रधान मोनी बालू, संजीव बात्ता, सलिंद्र राणा, रामकुमार बात्ता, राजा राम माजरा, संदीप राणा सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे।
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