कैथल। अमरुत योजना के तहत शहर में पेयजल व सीवरेज की पाइपलाइन के लिए खोदी गई सड़कों की आठ महीने के बाद भी नगर परिषद कोई सुध नहीं ले रहा है। जिससे शहर के लोग काफी परेशान हैं। अधिकतर इलाकों में मेन सड़कों व कॉलोनियों में गलियों को खोदा गया है। लेकिन नगर परिषद ने काम पूरा होने के बाद इसे पूरी तरह से बंद करने की बजाय, केवल मिट्टी डालकर ही सड़क को समतल किया है। जिसके बाद बारिश के आने पर यहां पर फिसलन हो जाती है और दुर्घटनाओं का भी अधिक खतरा रहता है।
उबड़-खाबड़ सड़कों पर हर रोज फिसलते हैं वाहन, लोगों की परेशानी नहीं दिख रही अधिकारियों को
शहरवासी अमित, रमन, पुनीत ने कहा कि शहर में अमरुत योजना के तहत जो कार्य नगर परिषद करवा रहा है। इसके पूरा होने के बाद लोगों को काफी राहत मिलेगी। लेकिन इस समय जहां भी सड़क या गलियों को खोदा गया। वहां पर दोबारा से गली या सड़क नहीं बनाया गया है। जिससे हर समय वाहन चालकों व आम लोगों को फिसलने से दुघर्टनाओं का खतरा बना रहता है। कहीं तो सड़क बीच में, कहीं किनारों से टूटी हुई हैं। उनमें मिट्टी तो भर दी गई, लेकिन समतल न होने के कारण लोगों को हर रोज हादसों का शिकार होना पड़ता है।
वहीं पार्षद प्रतिनिधि संजय गर्ग ने कहा कि नगर परिषद के अधिकारियों द्वारा मिलीभगत की जाती है। जिस कारण समय पर काम नहीं किया जाता है। लोग अपनी समस्या हमारे पास लेकर आते है। आगे हम अधिकारियों के पास जाते है। लेकिन बावजूद इसके हमारी समस्याओं का कोई समाधान नहीं किया जाता। हम स्वयं परेशानी में है।
यहां पर है समस्या : अमरुत योजना के तहत 100 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से पूरे शहर में पेयजल व सीवरेज पाइप लाइन डाली जानी थी। जिसमें सीवरेज व पाइपलाइन डालने का कार्य जींद रोड, प्रताप गेट, सीवन गेट, डोगरा गेट, माता गेट, जीटीबी कॉलोनी खुराना रोड, नानकपुरी कॉलोनी, वार्ड नंबर पांच, शहीद भगत सिंह कॉलोनी सहित अन्य कॉलोनियों में किया गया है। जहां पर बाद में सड़कों को दोबारा नहीं बनाया गया। यहां पर सड़कों के न बनने की समस्या से लोग परेशान है।
जल्द करेंगे समाधान : इस समस्या पर ईओ अशोक कुमार ने बताया कि सड़कों व गलियों में पाइपलाइन डालने के बाद सड़कें व गलिया क्यों नहीं बन पाई है। इसकी जानकारी हासिल की जाएगी। जिसके बाद संबधित ठेकेदार को इस पर जल्द कार्य करने के आदेश दिए जाएंगे।