प्रशासन की कार्यप्रणाली से धरने पर बैठे किसान दुखी और परेशान
भारतीय किसान संघ का धरना 16वें दिन भी जारी
फोटो नंबर-33
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। शुगर मिल में हुए चिप घोटाले की मांग को लेकर भारतीय किसान संघ द्वारा दिया गया धरना शुक्रवार को 16वें दिन भी जारी रहा। जिसकी अध्यक्षता प्रांत युवा प्रमुख गुलतान नैन की। उन्होंने बताया कि जांच पर प्रशासन की कार्यप्रणाली से धरने पर बैठे किसान दुखी और परेशान हैं। क्योंकि प्रशासन ने शुगर मिल घोटालों के लिए तीन-तीन कमेटी बनाई गई। लेकिन अभी तक निष्कर्ष जीरो चल रहा है। सरकार ने किसानों की मांग पर एमडी शुगर मिल को तो बदल दिया। लेकिन किसान इससे पूरी तरह संतुष्ट नहीं है। क्योंकि किसान एमडी को तबादला केवल इसलिए चाहते थे कि सिर्फ घोटाले की जांच को प्रभावित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि किसानों को खुशी तब होगी जब उनको चिप घोटाले में पूर्ण रूप से न्याय मिलेगा। डिप्टी कमिश्रर किसानों की बात तो बड़े ध्यान से सुनते हैं। लेकिन कार्य की दृष्टि से अच्छा परिचय नहीं हैं। एमडी कैथल के ट्रांसफर आर्डर या तबादले का पता किसानों को दस तारीख को ही लग गया था। लेकिन 11 जनवरी शाम को एमडी कैथल से चार्ज ले लिया गया। इससे भी किसान असंतुष्ट हैं। क्योंकि ऐसे अधिकारी को तबादले के ऑर्डर होते ही उसके कार्य से सेवानिवृत कर देना चाहिए। उन्होंने बताया कि एसपी से मिलने के लिए 9 जनवरी को किसान संघ के पदाधिकारी गए तो एसपी ने कहा कि आपने बैठने के मेरे पर असर नहीं पड़ेगा। किसानों के प्रति ऐसे शब्दों का प्रयोग अशोभनीय है। प्रशासन और सरकार से किसानों को न्याय पाना किसानों के लिए जी का जंजाल बना हुआ है। अगर ऐसा चलता रहा तो गन्ने के किसान की मंगलवार व बुधवार को बड़ी पंचायत बुलाकर ले सकते हैं। रणदीप सिंह आर्य ने बताया कि एविडेंस एक्ट 65बी के तहत किसी भी इलैक्ट्रिनिक्स इंजीनियर से सर्टिफिकेट लेकर दोषियों को गिर तार किया जाएगा। इस मौके पर रणदीप सिंह आर्य, सतीश कुमार, श्री राम मोहन, पाला राम, सूरजभान, रमेश नैना, राजीव नैना, छोटा राम, प्रदीप नरड़, महेंद्र, दीपक वालिया, जरनैल, सनी वालिया, कुलविंद्र, विक्रम क्योड़क मौजूद रहे।