जीवित महिला को कागजों में दिखाया मृत, दोबारा जीवित कर वोटर कार्ड में उम्र कर दी कम, पेंशन के लिए भटक रही वृद्धा
फोटो नंबर-29
अमर उजाला ब्यूरो
राजौंद। वार्ड नंबर 2 निवासी राजपति ने बताया कि उसकी आयु 65 वर्ष से अधिक हो चुकी है लेकिन अभी तक उसकी पेंशन नहीं लगी। उसने बताया कि उसने पेंशन बनवाने के लिए 3 साल पूर्व आवेदन किया था। समाज कल्याण विभाग कैथल के कर्मचारियों ने उसे बताया था कि कागजों में उसकी मौत हो चुकी है। इसलिए उसकी पेंशन नहीं बन सकती। पेंशन बनवाने के लिए जिला निर्वाचन कार्यालय के कागजों में पुन: जीवित होना पड़ेगा।
महिला ने बताया कि उसने बीएलओ राजौंद के माध्यम से 22 अप्रैल 18 को निर्वाचन कार्यालय कैथल से निवेदन किया कि राजपति जीवित है। उसका वोट गलती से काटा गया है। अत: उक्त मतदाता का पहचान पत्र पुन: बनवाया जाए। लेकिन विभाग ने उसका मतदाता पहचान पत्र पुराना शुरू करने की बजाय नया मतदाता पहचान पत्र बना दिया। जिससे उसकी आयु कम होने से पेंशन योजना का लाभ नहीं मिला। प्रार्थी ने बताया कि अपनी पेंशन बनवाने के लिए उन्होंने मुख्यमंत्री व मंत्री समाज कल्याण विभाग हरियाणा तथा उपायुक्त कैथल को लगभग 2 माह पूर्व पत्र लिखकर उसकी वोट काटने वाले कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई करने व उसकी पेंशन लगवाने की मांग की थी।
उन्होंने बताया कि उसकी वोट काटने वाले अधिकारी कर्मचारी के बारे में जानकारी लेने के लिए उसने उपायुक्त के माध्यम से जिला निर्वाचन अधिकारी कैथल को 12 सितंबर को पत्र लिखकर जानकारी मांगी थी। जिला निर्वाचन कार्यालय कैथल से प्राप्त जानकारी में बताया गया कि वर्ष 2008 में परिसीमन का कार्य होने के उपरांत जिला निर्वाचन कार्यालय कैथल में राजौंद से संबंधित मतदाता सूची में जो रिकॉर्ड प्राप्त हुआ है उसमें प्रार्थी का नाम दर्ज नहीं है। प्रार्थी राजपति ने बताया कि उसने 2015-16 के विधानसभा संसदीय चुनावों में वोट डाली थी व नगरपालिका राजौंद चुनाव में अपनी वोट डाली थी। नपा राजौंद की 2015 की वोटर लिस्ट में आज भी उसका नाम दर्ज है। राजपति ने नगरपालिका राजौंद निर्वाचन नियमावली 2015 की सूची सहित अपना जवाब उपायुक्त कार्यालय में जमा करवाकर उसकी वोट काटने वाले कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई करने व उसकी पुरानी वोट पुन शुरू करने की मांग की ताकि उसकी वृद्धावस्था पेंशन बन सके।