संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिला स्वास्थ्य विभाग मलेरिया व डेंगू से बचाव के लिए लोगों को लगातार जागरूक कर रहा है। इस कार्यक्रम के तहत राष्ट्रीय डेंगू दिवस पर जिले में कई शिक्षण संस्थानों में कार्यक्रम भी हुए। इस कार्यक्रम में विभाग की टीमों ने विद्यार्थियों सहित अन्य लोगों को डेंगू से बचाव के लिए जागरूक किया।
गौरतलब है कि लार्वा मिलने पर अब तक 475 लोगों को नोटिस दिया है। इसी कड़ी में वीरवार को डेंगू दिवस पर शहर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में स्कूल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र देवबन, उप स्वास्थ्य केंद्र चंदाना में बच्चों एवं अध्यापकों को डेंगू के लक्षण बचाव एवं रोकथाम की जानकारी दी गई।
सभी बच्चों को जानकारी दी कि वे सप्ताह में एक दिन अपने-अपने घरों व आसपास के खड़े पानी के सभी खुले स्रोत कूलर टंकी, होदी, फ्रिज के पीछे ट्रें, टायर, मटके, गमले ,पक्षियों के पानी पीने के बर्तन की अच्छी तरह से सफाई करें। उप स्वास्थ्य केंद्र के डाॅ. सुनील जांगड़ा ने बताया गया कि डेंगू का मच्छर मादाएडीज हमारे घर व आसपास ही हमारी लापरवाही से पनपता है। यह मच्छर दिन में काटता है।
उधर, स्वास्थ्य विभाग डोर-टू-डोर सर्वे के अब तक एक लाख 68 हजार से ज्यादा घरों का सर्वे कर चुका है। इसके तहत 44 हजार से अधिक लोगों के खून की जांच की जा चुकी है। हालांकि राहत की बात है कि अभी तक एक भी पॉजिटिव केस डेंगू या मलेरिया नहीं आया है। मलेरिया व डेंगू के जिला नोडल अधिकारी व डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. नीरज मंगला ने बताया कि पिछले साल 118 केस डेंगू व एक केस चिकनगुनिया का मिला था। छह साल से मलेरिया का कोई केस जिले में नहीं मिला है। यह हमारे लिए राहत की बात है।