तीन दिनों से जारी गर्मी का कहर आगामी तीन से चार दिन तक ओर इसी प्रकार से रह सकता है। आगामी पांच जुलाई के बाद ही बारिश के आसार बताए जा रहे हैं। शुक्रवार को तापमान 43 डिग्री सेल्सियस रहा। जिस कारण लोग भीषण गर्मी में बेहाल नजर आए।
सुबह करीब आठ बजे से ही उमस भरी गर्मी शुरू हो जाती है। दोपहर से पहले ही सड़कें सुनसान हो गईं। शुक्रवार को दोपहर में लोग बेहद ही जरूरी कार्यों के लिए घर से बाहर निकले। शीतल पेय पदार्थों से लोगों ने राहत हासिल करने का प्रयास किया। वहीं कुछ लोग ट्यूबवेल पर नहाते नजर आए। इस समय धान की रोपाई का काम चल रहा है। किसानों को बारिश का बड़ी ही बेसब्री से इंतजार है। क्योंकि इस समय भूजल या नहर से थोड़ा बहुत पानी यदि मिल जाता है तो वह ज्यादा दिन तक खेत में नहीं ठहरता। हरे चारे तक को बचाने के लिए किसानों को परेशानी हो रही है। जहां पानी की कमी है।
कैथल में बारिश के मौसम में विशेष मिठाई फिरनी बनती है। इसकी मिठास बारिश में कुछ ज्यादा ही बढ़ जाती है। इस समय फिरनी बिक तो रही है, लेकिन बारिश न होने के कारण इसका टेस्ट लोगों को भा नहीं रहा है। हलवाई भी इस बात के इंतजार में हैं कि कब बारिश होगी और कब उनकी बिक्री तेज होगी।
कृषि विज्ञान केंद्र के मुख्य वैज्ञानिक डा. रमेश वर्मा का कहना है कि अभी तीन से चार दिन तक ओर बारिश की संभावनाएं नहीं हैं। पांच जुलाई के बाद ही बारिश के आसार बनते दिख रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब तक पूर्वी हवा नहीं चलती, तब तक बारिश नहीं होगी।