संस्कृत विश्वविद्यालय के लिए 8 करोड़ मंजूर
जल्द ही ज्वाईन कर सकते हैं विश्वविद्यालय के नवनियुक्त वीसी
राजकीय कॉलेज में ही बनाया जाएगा वीसी कार्यालय
जींद की चौधरी रणबीर सिंह यूनिवर्सिटी के वीसी को दी गई है संस्कृत विश्वविद्यालय की जानकारी
तीन साल से लटके प्रोजेक्ट पर काम शुरू होने की उम्मीद
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। तीन साल पहले मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर द्वारा की गई घोषणा के तहत संस्कृत विश्वविद्यालय मूंदड़ी के लिए प्रारंभिक चरण में सरकार ने 8 करोड़ रुपये की राशि मंजूर कर दी है। इसके लिए पिछले दिनों नियुक्त किए गए जींद विश्वविद्यालय के वीसी यंश द्विवेदी भी जल्द ही ज्वाईन कर सकते हैं। गांव में पंचायत भवन में उनके लिए कार्यालय बनाया जा सकता है। लंबे समय से लटके इस प्रोजेक्ट पर अब काम होने की संभावनाएं हैं।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने वर्ष 2015 में घोषणा की थी कि गांव मूंदड़ी में संस्कृत विश्वविद्यालय बनाया जाएगा। इसके बाद इसकी जमीन को लेकर विवाद चला। जिसमें सरकार द्वारा रुचि लेने के बाद मुश्किल से जमीन फाइनल हो पाई। बाद में फिर से यह प्रोजेक्ट सरकारी कार्यालयों में ही लटका रहा। अब सरकार ने पिछले सप्ताह ही इसके लिए जींद विश्वविद्यालय के वीसी यंश द्विवेदी को वीसी की अतिरिक्त जिम्मेवारी देकर प्रोजेक्ट पर एक तरह से काम शुरू कर दिया है।
प्रोजेक्ट के नोडल अधिकारी एवं राजकीय कॉलेज के प्रिंसिपल डा. ऋषिपाल बेदी ने बताया कि विश्वविद्यालय के लिए नियुक्त किए गए वीसी शीघ्र ही कैथल का दौरा करेंगे। उन्होंने शुक्रवार को आने के लिए कहा था। लेकिन कोई बैठक होने के कारण वे नहीं आ पाए। नोडल अधिकारी ने बताया कि वे विश्वविद्यालय के लिए फाइनल की गई जगह का दौरा कर चुके हैं। सरकार ने इसके लिए 8 करोड़ रुपये की राशि मंजूर कर दी है। उम्मीद है कि अब इस पर शीघ्र काम शुरू हो जाएगा।
राजकीय कॉलेज में ही बन सकता है वीसी का कार्यालय:-संस्कृत विश्वविद्यालय के निर्माण सहित अन्य कार्यों को लेकर जींद में चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय के वीसी को जिम्मेवारी दी गई है। उनके लिए राजकीय कॉलेज में ही कार्यालय बनाया जा सकता है। ताकि वे अपने आवश्यक कार्य आसानि से निपटा सकें।
डीसी सुनीता वर्मा ने बताया कि वीसी सोमवार को कैथल आएंगे। उनके साथ विश्वविद्यालय के कार्यों को लेकर चर्चा की जाएगी। ताकि इस पर जल्द काम शुरू हो सके।