संवाद न्यूज एजेंसी
पूंडरी। फतेहपुर-पूंडरी मार्ग पर सब्ज़ी मंडी के पीछे फेंके गए खराब फिरनी के चूरे को खाने से 32 भेड़ों की मौत हो गई, जबकि 30 से 35 भेड़ें बीमार हो गईं। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और भेड़पालकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।
भेड़पालक सुभाष और बीरा राम ने बताया कि बुधवार शाम वे अपनी भेड़ों को चराकर लौट रहे थे, तभी मंडी के पीछे पड़ा खराब फिरनी का चूरा उनकी भेड़ों ने खा लिया। घर पहुंचते-पहुंचते ही भेड़ों की तबीयत बिगड़ने लगी और सुबह तक कई भेड़ों ने दम तोड़ दिया। इसके अलावा बीमार भेड़ों के इलाज के लिए पशु चिकित्सकों की टीम को मौके पर बुलाया गया है।
सुभाष ने बताया कि वे ठेके पर भी भेड़ें पालते हैं और यही उनका मुख्य जीविकोपार्जन है। इतने बड़े नुकसान ने उन्हें आर्थिक के साथ-साथ मानसिक रूप से भी झकझोर दिया है।
फिरनी पर फिर सवाल, लोगों में भय का माहौल
पूंडरी की प्रसिद्ध फिरनी एक बार फिर विवादों में आ गई है। कस्बावासियों का कहना है कि जिस मिठाई ने कभी पूंडरी को पहचान दी, वही अब लोगों के लिए खतरे का कारण बन रही है। कुछ दिन पहले ब्यास मिष्ठान भंडार के फफूंद लगे घेवर भी चर्चा का विषय बने थे। हालांकि, उन घेवरों के लिए भेजे गए सैंपल की जांच रिपोर्ट अभी नहीं आई है।
फतेहपुर में हुई भेड़ों की मौत के बाद पूंडरी और आसपास के गांवों में डर का माहौल है। लोगों की मांग है कि यह पता लगाया जाए कि फिरनी का चूरा किस दुकानदार ने फेंका क्योंकि वही फिरनी लोगों के घरों तक भी पहुंची थी। अन्य मिठाई विक्रेताओं ने भी निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि दोषी के खिलाफ कार्रवाई हो और आम जनता का भरोसा कायम रह सके।