एस्मा के बीच रोडवेज कर्मचारी आज करेंगे चक्का जाम
130 बसों के थम सकते हैं पहिए, बस अड्डे के 300 मीटर के क्षेत्र में धरना-प्रदर्शन पर भी स्टे जारी होने की बात कही जीएम ने
सुबह 4 बजे से पहले बस अड्डे पर तैनात रहेगी पुलिस फोर्स
कर्मचारियों ने किया ऐलान-हर हाल में सफल होगी हड़ताल
फोटो नंबर-43
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। निजी बसों को परमिट देने के विरोध में सरकार की रोडवेज कर्मचारियों के साथ चल रही खींचतान के बीच मंगलवार के रोडवेज कर्मचारी एस्मा में दूसरी बार चक्का जाम करने का प्रयास करेंगे। सितंबर महीने में कर्मचारी कुछ यूनियनों का उनके साथ न होने के कारण चक्का जाम नहीं कर पाए थे। लेकिन इस बार अधिकतर रोडवेज यूनियनें एक मंच पर आई हैं। जिससे दो मंगलवार को दो दिवसीय चक्का जाम होना निश्चित है। चक्का जाम होने से कैथल डिपो में 130 बसों के पहिए मंगलवार को दो दिनों के लिए थम जाएंगे। वहीं सरकार ने एस्मा लगा कर्मचारियों पर दबाव बनाने का प्रयास किया है। इसके साथ ही न्यायालय के विरोध के फैसले के अनुसार 300 मीटर की अवधि में धरना प्रदर्शन पर भी रोक लगाई है। कैथल डिपो में रोजना 15 से 20 हजार यात्री रोजाना यात्रा करते है। चक्का जाम होने से रोडवेज विभाग को10 से 12 लाख रुपये का नुकसान होना भी लाजमी है।
ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर यूनियन के डिपो प्रधान ज्ञान सिंह दीवाल ने कहा कि प्रशासन द्वारा हड़ताल रोकने के लिए अपने स्तर पर प्रयास किए जाते हैं। लेकिन कर्मचारी इन प्रतिबंधों से घबराने वाले नहीं हैं। रोडवेज का चक्का जाम पूरी तरह से सफल होगा। सरकार द्वारा 720 प्राइवेट बसों की नीति का पुरजोर विरोध होगा। इन बसों को किसी भी सूरत में सड़क पर नहीं आने देंगे। सरकार समय रहते सचेत हो। 720 सरकारी बसें लाई जाएं।
वहीं कैथल डिपो के जीएम रामकुमार भुक्कल ने बताया कि रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के मद्देनजर चक्का जाम रोकने के लिए विभाग पूरी तरह तैयार है। इसके लिए प्रशासन से पुलिस की सहायता भी मांगी गई है। सरकार ने भी एस्मा लगाई है। चक्का जाम को रोकने का पूरा प्रयास किया जाएगा।