दूसरे दिन 20 एमएम बरसा पानी
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। लगातार दूसरे दिन हुई बारिश के कारण जिला मुख्यालय सहित कस्बे व गांव पानी से लबालब हो गए। खेतों में जरूरत से ज्यादा पानी एकत्रित हो गया। जिन किसानों ने धान की रोपाई पहले ही कर दी थी, उन्हें खेतों से पानी निकालना पड़ रहा है। वीरवार को दूसरे दिन करीब 20 एमएम बारिश हुई है। सुबह 11 बजे के बाद बादल छाए रहे। लेकिन बारिश रुकी रही। डीसी संजय जून ने शहर का दौरा कर अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे पानी की निकासी का समुचित प्रबंध करें। बुधवार को हुई तेज बारिश के बाद वीरवार को भी बदरा जमकर बरसे। सुबह करीब 7.30 बजे शुरू हुई तेज बारिश 10 बजे तक जारी रही। शहर की अधिकतर कॉलोनियों के लोगों को जलभराव की स्थिति का सामना करना पड़ा।
यहां रही जलभराव की स्थिति :-बारिश के कारण हुई सबसे गंभीर समस्या जलभराव की है। जो दूसरे दिन की भी बारिश होने के कारण जारी रही। भगत सिंह चौक, हुडा सेक्टर 19 व 20, अनाज मंडी, रेलवे गेट, अंबेशकवर कॉलोनी, मॉडल टाऊन, पुराना बस अड्डा, छात्रावास रोड, प्रताप गेट, माता गेट, जवाहर पार्क, रेलवे अंडर ब्रिज, ढांड रोड पर जलभराव की स्थिति बनी। जिस कारण इन कॉलोनियों में रहने वाले लोगों व राहगीरों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
डीसी ने दिए निकासी के आदेश : बुधवार को डीसी संजय जून ने कमेटी व पब्लिक हेल्थ व सडक़ एवं भवन निर्माण के अधिकारियों के साथ मिलकर शहर में जल भराव की स्थिति को जाना। इस दौरान डीसी ने पिहोवा चौक, कमेटी चौक, डोगरा गेट, माता गेट, सीवन गेट, प्रताप गेट, चंदाना गेट, भगत सिह चौक, कबूतर चौक, हिदू स्कूल, ढांड रोड, विश्वकर्मा चौक सहित अन्य कॉलोनियों का दौरा करके वहां पर सफाई व सीवरेज की व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने मौके पर मौजूद संबधित अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से पानी निकासी के प्रबंध करने के आदेश दिए। इस मौके पर उनके साथ पब्लिक हेल्थ विभाग के एक्सईएन विनोद, कमेटी से एमई हिमांशु लाटका, सेनीटेंशन इंचार्ज प्रदीप कुमार सहित अन्य मौजूद रहे।
गिरी छत, बाल-बाल बचा मकान मालिक
फोटो नंबर-19
सीवन। बुधवार को हुई बारिश ने जन-जीवन को अस्त व्यस्त कर दिया। हर आदमी इस बरसात से परेशान हो गया है। डेरा दिलावर सिंह सीवन निवासी चरण सिंह के घर की छत गिर गई। जिसमें 50 सालों से संग्रहित उसकी लाइब्रेरी में बहुमूल्य रिकॉर्ड खराब हो गया। उसने अपने घर पर एक लाइब्रेरी बनाई हुई है जिसमें संसार की विशेष घटनाओं की समाचार पत्रों की कतरनों की अलग अलग फाइलें, पुस्तकें, मैग्जीन आदि का भंडार उपलब्ध है। चरण सिंह ने बताया कि वह स्वयं इस घटना में बाल बाल बचा है।
राजौंद में पानी भरा
राजौंद। पानी निकासी न होने के कारण राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के खेल मैदान पानी से लबालब भर गया। जिससे प्रतिदिन मैदान में अभ्यास करने के लिए आने वाले सैकड़ों खिलाड़ियों को अब कई दिन तक अभ्यास से वंचित रहना पड़ेगा। असंध रोड पर स्कूल के साथ नाले न बनाए जाने के कारण यह समस्या पिछले कई वर्षों से मैदान के साथ साथ स्कूल को भी झेलनी पड़ रही है। खेल प्रेमी किरणपाल, जयपाल, काला, बंटी, राजेश, भूपेंद्र, विशाल, विनीत, दीपक व कई वृद्ध लोगों ने जो यहां सैर व योग के लिए आते है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि पानी निकासी की व्यवस्था करके असंध रोड़ का पानी इस मैदान में गिरने से रोका जाए। बारिश से कई दुकानों व घरों में पानी घुस गया वहीं किसानों के चेहरे खुशी से खिल उठे।
तहसील कार्यालय में स्थापित किया बाढ़ नियंत्रण कक्ष
कलायत। बाढ़ की स्थिति में निपटने के लिए बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। एसडीएम जगदीप सिंह ने बताया कि तहसील कार्यालय के कमरा नंबर 08 में स्थापित किए गए बाढ़ नियंत्रण कक्ष को दूरभाष नंबर 01746-260041 से जोड़ा गया है।
अनाज मंडी के पास सड़क पर जलभराव बना परेशानी का सबब
पूंडरी। क्षेत्र में 2 दिनों से हो रही बारिश से जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। पानी से सबसे अधिक समस्या अनाज मंडी के साथ किसान भवन व स्टेट बैंक के सामने वाली सड़क पर खड़े पानी से हो रही है। सड़क पर एक से दो फुट तक पानी खड़ा हुआ है। स्थानीय निवासी मुनीष कुमार, पवन कुमार, शेखर, अभय राम आदि ने बताया कि शहर व अन्य जगह जाने के लिए अधिकतर लोग इन्हीं सड़कों से गुजरते हैं। विधायक दिनेश कौशिक ने बताया कि पानी निकासी के लिए पूरे शहर में नाले व सीवरेज बनाने की व्यवस्था की जा रही है। कुछ समय में शहर की पानी निकासी की समस्या का समाधान हो जाएगा।
पाई में पानी भरा
पाई। बारिश से तालाब लबालब हो गए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि यदि तालाबों से पानी की निकासी का कोई प्रबंध नहीं किया गया तो गांव के मकान गिर जायेंगे। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से उनको बचाने की गुहार लगाई है। सर्व मंगल कामना ट्रस्ट के सदस्यों, पूर्व सरपंच बलबीर फौजी, गुरनाम, जगदीश, सुभाष, प्रदीप आदि ने बताया कि दो दिन से हो रही बारिश से गांव की सभी गलियों ने तालाब का रूप धारण कर लिया है। इस बारे में सरपंच धर्मवीर ने बताया की तालाब व गलिया एक बन गये। कभी भी हादसा हो सकता है।
आरकेएसडी कॉलेज में प्रिंसिपल स्टाफ ने पानी निकासी करवाई
कैथल। शहर में पिछले दो दिन से हो रही मूसलाधार बारिश से जहां जीवन अस्त-व्यस्त हुआ है वहीं शहर का मुख्य कालेज आरकेएसडी परिसर भी जलमग्न हो गया। प्रिंसिपल डा. ओ.पी. गर्ग ने समय रहते कालेज चतुर्थ श्रेणी स्टाफ के साथ पानी की निकासी को लेकर त्वरित कार्रवाई करवाई और पंपों के माध्यम से कालेज बाग-बगीचों में भर गए पानी को मुख्य मैदान की तरफ छोड़ा।