कैथल। शिक्षा विभाग के अधिकारी इस बार महीने भर से भी ज्यादा समय निकलने के बावजूद 134ए के तहत दाखिला दिलवाने को लेकर लगभग आंखें बंद किए हुए हैं। अभिभावक व बच्चे दाखिले के लिए भटक रहे हैं। सवा माह से भी ज्यादा का समय निकल चुका है। जिले में लगभग 4000 बच्चे घर बैठे हैं। विभागीय अनिर्णय की स्थिति का खामियाजा अभिभावकों व बच्चों को भुगतना पड़ रहा है। बच्चों के दाखिले के लिए मंगलवार को अभिभावकों ने प्रदर्शन कर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा और मांग की कि बच्चों की खराब हो रही पढ़ाई की ओर ध्यान दिया जाए। जिसमें उन्होंने दाखिला दिलाने व दाखिले में ढील बरत रहे है विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।
अधिकारियों व निजी स्कूलों में बीच पिसे
अभिभावक कप्तान सैनी सीवन, संजय शर्मा, अमरनाथ, प्रेम, प्रवीन, महावीर, जोगेंद्र शर्मा ने कहा कि 134 ए के तहत परीक्षा दिलाने के चक्कर में अभिभावक अधिकारियों व निजी स्कूलों में बीच पिसकर रह गए हैं। यदि शिक्षा विभाग के कार्यालयों में जाते हैं तो अधिकारी केवल आश्वासन देते है। यदि निजी स्कूलों में जाते हैं तो वे रिबरसमैंट न मिलने का कारण बता बच्चों को दाखिला नहीं देते। घर बैठे बच्चे हर रोज पूछते हैं कि दाखिला हो जाएगा? वे क्या जवाब दें। बच्चों की एक महीने से ज्यादा की पढ़ाई खराब हो चुकी है। जिले भर में ऐसे करीब 4000 बच्चे हैं। यदि जल्द ही इस समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ तो मजबूरन सड़कों पर उतरना पड़ेगा।
17 मई तक का दिया आश्वासन
वहीं ज्ञापन लेने के बाद एसडीएम ईशा कांबोज ने बताया कि अभिभावकों की समस्या जायज है। डीईओ से बात करके अभिभावकों 17 मई से पहले दाखिला देने का आश्वासन दिया है। विभाग ने दाखिले ना देने वालों स्कूलों को नोटिस भी जारी किया हुआ है।
आज होगी निजी स्कूल संचालक वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक
वहीं निजी स्कूल एसोसिएशन के जिला प्रधान राजेश मुंजाल ने बताया कि 134 ए को लेकर मंगलवार को निजी स्कूल संचालकों की बैठक होनी थी। लेकिन किसी अपरिहार्य कारणों से यह नहीं हो पाई। अब बुधवार को बैठक कर सरकार के खिलाफ कड़ा फैसला लिया जाएगा।