कलायत। कई महीने से ठप हुई सीवरेज व्यवस्था लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी है। हालांकि इसे दुरुस्त करने के लिए अधिकारियों से गुहार लगाए जाने के साथ धरना प्रदर्शन भी किया लेकिन स्थिति ठीक होने की बजाय बद से बदतर होती जा रही है। शनिवार को भी नगर के लोगों ने सीवरेज व्यवस्था को लेकर रोष प्रकट किया। ठप हुई सीवरेज व्यवस्था स्थल पर मौजूद लोगों ने नगरपालिका पार्षदों को को बताया कि नगर में करोड़ों रुपये की लागत से बिछाई गई सीवरेज व्यवस्था लोगों को पूरी तरह परेशान किए है। उन्होंने कहा कि वार्ड 11 को अनाज मंडी से जोड़ने वाले मेन गली में तो सीवरेज व्यवस्था बदहाल है। उन्होंने कहा कि जन स्वास्थ्य विभाग ने जुगाड़ लगा दरकी सीवरेज व्यवस्था को दुरुस्त करने का प्रयास किया। लेकिन जब इसमें सफलता नहीं मिली तो इसे नकारा घोषित कर इसे पूरी तरह बंद कर दिया गया। अक्तूबर माह में बंद की गई सीवरेज व्यवस्था को आज तक भी बहाल नहीं किया गया। उन्होंने बताया गंदा पानी कहीं भी ओवरफ्लो न होने पाए इसको ध्यान में रखते ही कुलवंत नगर में अक्तूबर माह में एक मेनहोल से दूसरे मेनहोन में गंदा पानी पहुंचाने के लिए गली के बीचोबीच पाइप लाइन डाली गई थी जो की आज भी वही व्यवस्था बनी हुई है। जन स्वास्थ्य विभाग द्वारा नकारा घोषित पाइप लाइन पर तो कार्य शुरू करवाया भी नहीं गया था कि उससे कुछ दूर आगे चलकर दो मेनहोल जमीन में दफन ही हो गए जहां अब केवल गहरा गड्डा बना हुआ है। लोगों का कहना है कि इस बस्ती के लोगों के आवागमन का यही मुख्य मार्ग है जो कई महीनों से बंद पड़ा है।
लोगों ने किया धरना प्रदर्शन करने का एलान
जन स्वास्थ्य विभाग के उदासीन रवैये से गुस्साए लोगों ने आज विभाग के प्रति विरोध प्रदर्शन करने का ऐलान कर दिया। लोगों का कहना था कि यदि 10 दिनों के भीतर सीवरेज पाइप लाइन बिछाना शुरू नहीं किया तो तीनों ही वार्डों के लोगों को मजबूरन सड़कों पर उतरना पड़ेगा जिसकी सारी जिम्मेदारी जन स्वास्थ्य विभाग की होगी। इस मौके पर राजबीर सिंह, हरिकुमार, बबली राणा, कृष्ण राणा, श्रवण सैनी, संदीप, पंकज, बाल किशन, मुकुल, मीसा, भुक्कल, अमन, काला, राजवती, दिव्या, सुनीता, भारती आदि मौजूद रहे।