कलायत। कलायत रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। स्टेशन पर न तो उनके बैठने के रखे गए बैंचो पर शैड हैं और न ही कोई प्रतिक्षालय रेलवे प्रशासन ने बनाया है। जिससे रेल यात्रियों में विभाग के प्रति गहरा रोष है। बता दें कि कुछ दिन पहले रेलवे स्टेशन के प्रतीक्षालय की छत के लेंटर टूट कर गिर जाने से इसे प्रयोग के लिए बंद कर दिया गया है। प्रतीक्षालय बंद कर दिए जाने से रेल यात्रियों को भारी धूप में ही रेलगाड़ी का इंतजार करना पड़ रहा है। रेलवे स्टेशन पर गाड़ी की इंतजार कर रहे अमरपाल, सतीश कुमार, राजा राम, धर्मपाल, कृष्ण कुमार, दर्शन, कांता, शांति आदी का कहना है कि रेल विभाग को सवारियों के बैठने के लिए प्लेटफार्म पर समुचित व्यवस्था तो की जानी चाहिए। एक तो गर्मी का मौसम ऊपर से स्टेशन पर बैठने की व्यवस्था न होने के कारण सवारियों को गाड़ी का इंतजार करने के लिए धूप में ही खड़ा होना पड़ रहा है। स्टेशन मास्टर कार्यालय की ओर बनाई हुई शैड का भी सवारियों द्वारा सहारा लिया जाता है जो नाकाफी है। लोगों का कहना है कि एक ओर रेलवे विभाग द्वारा जहां स्टेशनों पर करोड़ों रुपये खर्च करने की बात कही जा रही है दूसरी ओर सवारियां सुविधाओं के लिए तरस रही है। उन्होंने कहा कि रेलवे विभाग के एसएसई हरप्रीत ङ्क्षसह ने लोगों को विश्वास दिलाया था कि स्टेशन पर बैठने के लिए जलदी ही शैड का निर्माण करवाया जाएगा मगर अभी तक भी कोई व्यवस्था नहीं की गई।
मुख्य लाइन की ओर प्लेटफार्म बनाने की भी की जा रही है मांग: रेलवे स्टेशन पर पूर्व में बनाई रेल लाइन पर गत वर्ष कार्य कर इसे ऊंचा भी उठाया गया था। लाइन के ऊंचा उठाए जाने पर सवारियों को काफी परेशानी हो रही है। सवारियों के साथ देवभूमि रेल यात्री समिति लोगों द्वारा भी दूसरी ओर प्लेटफार्म बनवाने के साथ सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने की मांग कर चुके है। रामकुमार नायक ने कहा कि यदि स्टेशन पर सुविधाएं उपलब्ध नहीं करवाई गई तो समिति सवारियों के साथ मिलकर संघर्ष का रास्ता अपनाएगी।
जल्द होगी शैड की वैकल्पिक व्यवस्था: दीक्षित
रेलवे स्टेशन मास्टर जयवीर दीक्षित ने कहा कि प्रतीक्षालय को बंद किए करीब एक पखवाड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की वैकल्पिक व्यवस्था करने में कुछ समय लगता है। रेलवे द्वारा इस दिशा में कदम उठाए जा रहे है जिसके चलते जलदी ही यात्रियों को शैड की सुविधा उपलब्ध हो जाएगी।