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साढ़े तीन घंटे की बारिश ने किया निहाल

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साढ़े तीन घंटे की बारिश ने किया निहाल
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अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। बुधवार सुबह साढ़े तीन घंटे हुई बारिश से किसान निहाल हो गए। मंगलवार को डेढ़ घंटे की बारिश से किसानों की जरूरत पूरी नहीं हुई थी। लेकिन बुधवार को बरसे पानी से किसान गदगद नजर आए। यह पानी धान की फसल में खाद का काम करेगा। करीब 1 लाख 60 हजार हेक्टेयर में जिले में धान की रोपाई की गई है। वहीं शहर में बारिश के कारण जलभराव की स्थिति का सामना करना पड़ा।
सुबह 7 बजे बारिश शुरू हुई थी। जो करीब साढ़े ग्यारह बजे तक जारी रही। इस दौरान करीब 42 एमएम पानी बरसा। जिससे खेतों में पानी जमा हो गया। इस पानी से किसानों को बड़ी मदद मिलेगी। कृषि वैज्ञानिक डॉ. रमेश वर्मा ने कहा कि बुधवार को हुई बारिश ने किसानों को निहाल कर दिया। कई इलाकों में अच्छी बारिश हुई है।
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बारिश के समय राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई लोग तो बारिश के कारण अपने कार्यों को भी नहीं कर सके। शहरवासी रोहताश ने बताया कि उसे आज किसी निजी काम से कुरुक्षेत्र जाना था। लेकिन बारिश के ज्यादा तेज होने के कारण वह नहीं जा सका जिससे काफी परेशानी हुई।

ये स्थान हुए पानी से लबालब : करनाल रोड, जीटीबी कॉलोनी, हुडा सेक्टर 19 व 20, भक्त सिह चौक, कमेटी चौक, माता गेट, मॉडल टाऊन, पिहोवा चौक, कमेटी चौक, अर्जुन नगर, जींद रोड स्थित अंडर ब्रिज, सिक्का मार्केट, लघु सचिवालय, पिहोवा चौक, ढांड रोड, जालंधरी मोहल्ला, अमर गढ़ गामड़ी, नई अनाज मंडी, ट्रेक्टर मार्केट, रेलवे पुल के नीचे वाला हिस् सा, सुभाष नगर, नानक पुरी कॉलोनी, रेलवे के क्वाटर सहित शहर के अन्य कॉलोनियां जलमग्न रही।

बारिश से ट्रैक्टर मार्केट में गिरी छह दुकानें : जींद रोड स्थित रेलवे ओवरब्रिज के समीप स्थित ट्रेक्टर मार्केट में बारिश का पानी घुस जाने के बाद छह दुकानें गिर गई। हालांकि गनीमत यह रही कि दुकानों पर कोई भी नुकसान नहीं हुआ। दुकानदार चंद्रपाल, हवा सिह, जोरा सिह, जयपाल, जगदीश लाल कालड़ा, प्रवीन ग्रोवर ने बताया कि सुबह नौ बजे के करीब अचानक तेज बारिश हो गई। जिसके बाद दुकानों में अधिक पानी भर गया। जिससे इसके बरामदे की छत गिर गई। उन्होंने बताया कि यह दुकानें करीब 40 वर्ष पुरानी है। जिस कारण यह हादसा हुआ। दुकानों के बरामदे की छत गिरने पर होशियार सिंह, अजीत, गुरमीत व दिलबाग ने इस पर रोष प्रकट किया।

राजौंद में कई इलाकों में पानी भरा
फोटो संख्या-37
राजौंद। बुधवार सुबह छह बजे के आसपास शुरू हुई बारिश दोपहर दो बजे तक रुक रुक कर होती रही। जिससे कई निचले भागों में पानी भर गया और लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। वहीं किसानों ने बताया कि यह बरसात उनकी फसलों के लिए काफी फायदेमंद है। पिछले कई दिनों से सूख रही धान, ज्वार, बाजरा,मक्का की फसलों को तो इस बरसात से नया जीवनदान मिला है। किसानों ने बताया की इस बरसात का तो उन्हें पिछले कई दिनों से बेसब्री से इंतजार था।

मकान की छत गिरने से हादसा, कोई हताहत नहीं
फोटो नंबर-35
राजौंद। गांव जाखौली में बारिश के दौरान एक मकान की छत गिरने से घर के सदस्य बाल बाल बच गए। गांव के सरपंच रत्न सिंह व पंचायत सदस्य मौके पर पहुंचे। गांव के सरपंच रत्न सिंह ने बताया कि बुधवार को सुबह से हो रही बरसात के दौरान 11 बजे के आस पास जाखौली निवासी की दरबेश पुत्र दलीप का मकान गिरने की सूचना मिली। जिससे उन्हें जाकर मौके पर मुआयना किया। बरसात के कारण पहले सीढ़ी गिरी व फिर कमरे की छत भी गिर गई। संयोगवश उस समय दरबेश के बीवी व बच्चे दूसरे कमरे में थे और वह इस घटना में बाल बाल बच गए।
पाई में बारिश बनी आफत
पाई। दो दिनों से हो रही बारिश के कारण लोगों को काफी दिक्कतें हो रही हैं। गांव वासी कुलदीप, नरेश, कृष्ण, जोगिन्द्र, ईश्वर, सुभाष, ऋषि, दिनेश, रघुबीर, सतपाल, दलबीर, महेंद्र ने बताया कि दो दिन से हो रही वर्षा पाई के ग्रामीणों के लिये आपदा लेकर आई है। ग्रामीण अपने घरों में कैदी बन कर रह गये है। गांव की गलियों, नालियों की सफाई न होने के कारण मकानों से निकलने वाला गंदा पानी वापस घरों में जा रहा है। लोगों के मकान, गलियां, नालियां तथा तालाब सब एक समान बन गये है।
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पानी से लबालब अनाज मंडी, राहगीरों को परेशानी
फोटो नंबर-16
ढांड। बुधवार को हुई बारिश से किसानों के चेहरे खिल उठे। जहां बरसात से किसानों ने राहत की सांस ली है वहीं दुकानदारों के लिए बरसात आफत बनकर आई। बुधवार को जमकर हुई बरसात ने प्रशासन के तमाम दावों की पोल खोलकर रख दी है। जिससे बरसात का पानी निचले घरों एवं दुकानों में घुस गया। लोग अपने घरों से पानी निकालने में लगे रहे। तीनों अनाज मंडियां पानी से लबालब भर गई। जिससे आने जाने वाले राहगीरों को पानी से होकर गुजरना पड़ा। मंडी एसोसिएशन के पूर्व प्रधान श्रीनिधि मिश्रा, आढ़ती राम कुमार, राम दयाल, खजान सिंह, सतीश, कर्मबीर, राजकुमार ने बताया कि मंडियों से बरसाती पानी की निकासी के लिए पूर्व संसदीय सचिव सुलतान सिंह जड़ौला ने करोड़ों रुपये की लागत से विभाग के माध्यम से रिचार्ज बोर लगवाए थे। लेकिन मार्केट कमेटी की लापरवाही के कारण उनका सही ढंग से रख रखाव नही हो रहा है।
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