संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। राजौंद के एक युवक से स्पेन भेजने का झांसा देकर ईरान में बंधक बनाकर मारपीट और रंगदारी वसूलने का मामला सामने आया है। यह रकम 12 लाख की बताई गई है। पीड़ित ने राजौंद थाना में शिकायत दी, जिस पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है।
शिकायतकर्ता पूंडरी रोड, राजौंद निवासी अंकित ने बताया कि वह अक्तूबर 2023 में अर्मेनिया गया था और सितंबर 2024 में भारत लौट आया। अर्मेनिया में उसकी मुलाकात मोहन प्रताप सिंह (निवासी शिमलाना, सहारनपुर, उत्तर प्रदेश) से हुई। मार्च 2025 में दोनों मॉरीशस गए, लेकिन मोहन को एयरपोर्ट से डिपोर्ट कर दिया गया। इसके बाद भी फोन पर उनकी बातचीत जारी रही।
अंकित ने बताया कि वह 16 अगस्त को मॉरीशस से वापस भारत आ गया । इसके बाद 17 अगस्त को दिल्ली में मोहन और उसके रिश्तेदार सुधीर राणा से मुलाकात हुई। मोहन प्रताप सिंह ने उनकी बात अपने फोन से जानकार एजेंट प्रिंस निवासी नया गांव जिला सहारनपुर से करवाई। इस दौरान 17 लाख रुपये में स्पेन जाने की डील तय हुई। प्रारंभ में 50 हजार रुपये नकद और सभी दस्तावेज व्हाट्सएप पर भेज दिए गए।
23 अगस्त को मोहन प्रताप सिंह ने उसे व सुधीर राणा को दिल्ली एम्स अस्पताल के पास ग्रीनपार्क में बुलाया । जहां वे पहुंच गए। अपनी तीनों व्यक्तियों की कल की टिकट है। उसके कहे अनुसार उन्होंने होटल में कमरा ले लिया।
1 सितंबर को टिकट आई और 4 सितंबर के लिए जयपुर से तेहरान की टिकट प्राप्त हुई। तेहरान में एक होटल में रुके, लेकिन 7 सितंबर को उन्हें एक मकान में ले जाकर मारपीट की गई और 3,200 अमेरिकी डॉलर छीने गए। मोसा नामक व्यक्ति ने 20 लाख की रंगदारी मांगी। आखिरकार 12 लाख रुपये देने पर पीड़ित को छोड़ दिया गया। 19 सितंबर को वह भारत लौट सका। आरोपियों ने रुपये देने के बाद भी धमकियां जारी रखीं।
पुलिस ने आरोपी कुलदीप सिंह, प्रिंस, मोसा व मोहन प्रताप सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है। जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। -ललित सिंह, डीएसपी