डीसी ने किया विजेता खिलाड़ियों को किया सम्मानित
आरकेएसडी कॉलेज में दो दिवसीय खेलकूद प्रतियोगिता संपन्न
खेलों को बनाएं जीवन का हिस्सा-डीसी
फोटो संख्या-18 से 20
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। आरकेएसडी कॉलेज में आयोजित खेलकूद प्रतियोगिताओं का वीरवार को समापन हो गया। समापन अवसर पर आयोजित समारोह में डीसी डॉ. प्रियंका सोनी ने विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया। उन्होंने विद्यार्थियों का आह्वान करते हुए कहा कि वे खेलों को जीवन का हिस्सा बनाएं। सच्ची खेल भावना से खेलें तथा स्वयं से प्रतिस्पर्धा करें ताकि उनकी प्रतिभा में निखार आए। उन्होंने कहा कि खेलों से समय के महत्व, अनुशासन तथा टीम भावना का विकास होता है। खेल हमारे शारीरिक एवं मानसिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।
उन्होंने महाविद्यालय द्वारा आयोजित की गई दो दिवसीय वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता की विभिन्न स्पर्धाओं में विजेता खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने अपने शानदार प्रदर्शन से अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। डीसी ने विजेताओं को मेडल, ट्रॉफी एवं प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया तथा सामाजिक क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों को भी सम्मानित किया।
महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. संजय कुमार गोयल कार्यक्रम की मुख्यातिथि तथा सभी अतिथिगण का स्वागत करते हुए महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं खेलकूद उपलब्धियों की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की। आरवीएस एवं कॉलेज प्रबंधक समिति के प्रधान एडवोकेट ने भी विजेता खिलाड़ियों को ओर अधिक मेहनत के लिए प्रेरित किया और कहा कि खेलों में आज खिलाड़ी अपना भविष्य संवार सकते हैं।
दो दिवसीय वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता के विभिन्न स्पर्धाओं में लगभग 1200 विद्यार्थियों ने भाग लिया। वरिष्ठ पत्रकार सतीश सेठ ने संस्था को एक लाख रुपये का चैक भेंट किया। प्रबंधन समिति की ओर से डीसी डॉ. प्रियंका सोनी को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। विद्यालय की जिम्नास्टिक खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया तथा महाविद्यालय की छात्रा निधि ने मेरा 52 गज का घाघरा प्रस्तुति पर हरियाणवी नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों की खूब तालियां बटोरी। इस मौके पर शिक्षण संस्था की प्रबंधन समिति के प्रधान अधिवक्ता साकेत मंगल, नरेश शोरेवाला, महासचिव पंकज बंसल, महेश मंगल, कोषाध्यक्ष श्याम सुंदर बंसल, नवनीत गोयल, सुनील चौधरी, डॉ. कमलेश संधु, डॉ. एससी अरोड़ा, डॉ. हरिंद्र गुप्ता, डॉ. जीएस भोला, डॉ. ओपी गर्ग सहित प्रबंधन समिति के अन्य पदाधिकारी एवं महाविद्यालय का शिक्षण स्टाफ व विद्यार्थी मौजूद रहे।