जर्जर सड़क में बारिश के कारण धंसा पहिया, बस पलटी, सात बच्चे घायल
क्योड़क से टीक रास्ते पर हुआ हादसा
- स्कूल प्रबंधन ने कहा कि हादसा सड़क खराब होने के कारण हुआ, किसी भी बच्चे को ज्यादा गंभीर चोट नहीं, सभी का इलाज करवाया जा रहा है
फोटो नंबर-06 से 09
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। बुधवार सुबह क्योड़क-टीक सड़क पर बच्चों को ले जा रही टैगोर पब्लिक स्कूल की बस पलट गई। जिसमें सवार बच्चों में चीख पुकार मच गई। हादसे में सात बच्चों को चोटें आईं हैं। जिसमें से 4 को फ्रैक्चर बताया गया है। उन्हें निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया है। हादसा बारिश के चलते हुई खस्ताहाल सड़क में धंसे टायर के कारण बताया जा रहा है।
मिली जानकारी के अनुसार टैगोर पब्लिक स्कूल की बस बुधवार सुबह क्योड़क-टीक सड़क पर गांव जगदीशपुरा के निकट से जा रही थी। जहां बताया जा रहा है कि बस का टायर धंस गया और यह खेतों की ओर पलट गई। जिससे बस में सवार बच्चों में चीख-पुकार मच गई। हादसे के तुरंत बाद आस-पास के लोग मौके पर पहुंचे और बच्चों को बस में से निकाल कर उन्हें कीर्ति अस्पताल में दाखिल करवाया। जहां से चार गंभीर रूप से घायल बच्चों को हड्डियों के भारत अस्पताल में ले जाया गया। जहां सूचना मिलते ही स्कूल प्रिंसिपल सहित अन्य कर्मचारी व परिजन अस्पताल में पहुंचे और बच्चों की सुध ली। बच्चों ने बताया कि बस आराम से जा रही थी। उसका टायर धंसने से यह पलट गई। एक बार तो वे बुरी तरह से डर गए थे।
अस्पताल में दाखिल विद्यार्थियों ने बताया कि इस बस में करीब 45 बच्चे सवार थे। लेकिन गनीमत यह रही कि इन सात बच्चों को छोड़कर अन्य बच्चे सुरक्षित हैं। साथ ही घायलों की हालत भी खतरे से बाहर है।
यह बच्चेे हुए घायल : बुधवार को बस पलटने से हुए हादसे में छठी कक्षा की मनप्रीत, सातवीं कक्षा का जश्नदीप, पांचवीं कक्षा की सुखमन, चौथी कक्षा की नैंसी, ग्यारहवीं कक्षा का लवप्रीत, सातवीं कक्षा का अमन व पांचवीं कक्षा छात्रा सिमरनजीत घायल हुई। छात्रा सिमरनजीत की कमर में फ्रैक्चर होने के कारण अधिक दिक्कत है।
टैगोर पब्लिक स्कूल के मैनेजर राजकुमार शास्त्री ने बताया कि चालक सहित तीन-चार बच्चों को मामूली खरोंच आई है। चालक की सूझबूझ के कारण हादसा टल गया और सभी बच्चे सुरक्षित हैं। जो घायल हैं उनका इलाज करवाया जा रहा है। खराब सड़क में बारिश के चलते इसमें टायर धंस गया। जिस कारण यह हादसा हुआ है।
एसएचओ सदर प्रह्लाद का कहना है कि इस बारे में पुलिस के पास कोई सूचना नहीं हैं। वहीं डिप्टी डीईओ शमशेर सिंह सिरोही ने कहा कि इस बारे में स्कूल की ओर से ऐसी कोई जानकारी नहीं हैं। यदि ऐसी कोई घटना है तो पता करवाया जाएगा कि क्या कारण रहे। स्कूल संचालकों को स्कूल सुरक्षा वाहन नीति के तहत आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।