आईटीआई के पास बसों का ठहराव न होने से छात्र छात्राएं हुई परेशान
संस्थान के पास लोकल बसों का ठहराव किया जा रहा है सुनिश्चित: रामकुमार
फोटो संख्या-39
अमर उजाला ब्यूरो
कलायत। चार वर्ष बीत जाने के बाद भी आईटीआई में शिक्षा ग्रहण कर रहे छात्र छात्राओं को परिवहन सेवाएं नही मिल पा रही। हालांकि इस समस्या बारे अधिकारियों को जानकारी कई बार दी जा चुकी है मगर समस्या का निदान ही नहीं हो पा रहा। छात्रा रीतम धनौरी, अंजू बाल, सुनैला धनौरी, श्वेता, शीतल, आशा, अनू, ङ्क्षरपी, मंजू, बालू, डिम्पल, मनीषा, अंजू रानी तथा रीतू दनोदा, ज्योति कमालपुर, अंजलि जुलानी खेड़ा तथा पूनम कमालपुर ने कहा कि संस्थान के पास बस का ठहराव न होने के कारण वे देरी से कक्षाओं में पहुंचती है। छुट्टी के पश्चात भी समय पर घर वापिस नहीं पहुंच पाती। छात्र अजय पाडला, अमनदीप नरवाना, गोङ्क्षवद डूमरखां कलां, विजय कैथल, अनिल कवारतन, राजीव सीवन का कहना है कि पास में जब परिवहन विभाग द्वारा उनसे संस्थान तक का किराया वसूला जाता है तो ऐसे में संस्थान तक बस सेवा उपलब्ध क्यों नहीं करवाई जा रही।
प्राचार्य अशोक कुमार गोयल से जब बसों के ठहराव न होने बारे जानकारी ली तो उन्होंने छात्रों की इस समस्या को पूरी तरह वाजिब बताया। उन्होंने कहा कि छात्रों को हो रही समस्या को ध्यान में रखते संस्थान की ओर से लिखित तौर पर कैथल में तैनात परिवहन विभाग के महाप्रबंधक को पत्र सौंपा जा चुका है।
राज्य परिवहन विभाग के महाप्रबंधक रामकुमार ने कहा कि गत माह ही उन्होंने कैथल में कार्यभार संभाला है जिसके दौरान आईटीआई ङ्क्षपजुपुरा की ओर से कोई पत्र उनके पास नहीं आया तथा न ही बसों की समस्या का मामला उनके संज्ञान में है। उन्होंने कहा कि छात्रों को परिवहन व्यवस्था से वंचित नहीं होने दिया जाएगा जिसके चलते कैथल नरवाना रूट पर चलने वाली लोकल बसों के संस्थान के पास ठहराव के निर्देश जारी किए जा रहे है।