22जेएनडी22-नरवाना अनाज मंडी में भीगी गेहूं की फसल। संवाद
जींद/नरवाना। कई दिन से बदलते मौसम के मिजाज ने किसान और मंडियों में आढ़तियों की परेशानी बढ़ा दी है। रविवार की रात को इलाके में हुई बारिश से मंडियों में आढ़तियों के चेहरे मुरझाए हुए हैं, क्योंकि मंडियों में काफी आढ़तियों की दुकानों के आगे पड़ा गेहूं बारिश से भीग गया और एजेंसियों के खरीदे गए गेहूं के भरे बैगों के नीचे बारिश का पानी भर गया। गेहूं खरीद के बाद उठान भी सही नहीं हो रहा, जिस वजह से मंडियों में गेहूं के बड़े ढेर लग रहे हैं।
नरवाना क्षेत्र की मंडियों की बात करें तो रविवार तक हैफेड ने 29 प्रतिशत, डीएफएससी ने 21 प्रतिशत व वेयर हाउस ने 17 प्रतिशत गेहूं खरीद का उठान किया है। वहीं मंडियों में अब तक उठान के अभाव में 639302 क्विंटल गेहूं पड़ा हुआ है। खरीद एजेंसियों के अधिकारियों का कहना है कि गाड़ियां कम उपलब्ध होने की वजह से उठान में देरी हो रही है। वहीं नरवाना की कपास मंडी में मजदूर गेहूं से भरे बैग बारिश के पानी से निकालते हुए दिखाई दिए। जिनका गेहूं बारिश में भीगा है उनका कहना है कि मंडी में सीवरेज की समस्या गंभीर रूप धारण कर चुकी है, इसलिए पानी की निकासी नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि हल्की सी भी बारिश होती है तो मंडी मेंं पड़ा गेहूं पानी की वजह से खराब हो जाता है।
मंडी के मेन गेट के पास मार्केट कमेटी कार्यालय की दीवार के पास रास्ते पर जिन दुकानदार ने गेहूं डालकर रास्ता रोका हुआ है उस दुकानदार को नोटिस जारी कर दिया गया है यदि वह गेहूं रास्ते से नहीं उठाया तो दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -मार्केट कमेटी, सचिव पूजा
22जेएनडी22-नरवाना अनाज मंडी में भीगी गेहूं की फसल। संवाद