30जेएनडी24-नागरिक अस्पताल में विश्व हृदय दिवस पर हुए कार्यक्रम में मौजूद चिकित्सक। संवाद
उचाना। विश्व हृदय दिवस पर सोमवार को नागरिक अस्पताल में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य वक्ता के रूप में एसएमओ डॉ. सुशील गर्ग ने शिरकत।
उन्होंने कहा कि यदि दिल की बीमारी से बचना है तो हमें हार्ट अटैक के कारण, लक्षण और बचाव के बारे में जानकारी होनी चाहिए। बाहर का खाना जैसे फास्ट फूड, जंक फूड, शराब का सेवन, अतिरिक्त वसा वाला भोजन, शारीरिक गतिविधियों में भाग न लेना, जरूरत से ज्यादा तनाव पालना आदि से दूर रहना होगा। जब हृदय ठीक से पंप नहीं कर पाता है तो हमें हृदय की बीमारी घेरने का खतरा बन जाता है। कोरोनरी धमनियों में ब्लॉकेज बन जाता है। इसकी वजह से रक्त को ऑक्सीजन का प्रवाह होना कम हो जाता है। मनुष्य को हार्ट अटैक आ जाता है। उन्होंने बताया कि हार्ट अटैक के लक्षण हर शरीर में अलग-अलग तरीके के होते हैं। कुछ लोगों के सीने में धीमा दर्द उठता है, जबकि कुछ लोगों को एकदम से तीव्र दर्द होता है। हार्ट अटैक आने से पहले चेतावनी के तौर पर सीने में हल्का दर्द होता है या सीने में दबाव महसूस होता है। यदि हमें दिल की बीमारी से बचना है तो इस बात की जरूरत है कि हम उसकी आवाज सुने। दिल को दुरुस्त रखने के लिए तनाव दूर भगाएं। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में अव्यवस्थित दिनचर्या, तनाव, गलत खान-पान, पर्यावरण प्रदूषण एवं अन्य कारणों के चलते हृदय की समस्याएं तेजी से बढ़ी हैं। छोटी उम्र से लेकर बुजर्गों तक में हृदय से जुड़ी समस्याएं होना अब आम बात हो गई है। इस दौरान डॉ. राजेश मितल, डॉ. आरती, राज सिह, सुनीता भी मौजूद रहीं।
30जेएनडी24-नागरिक अस्पताल में विश्व हृदय दिवस पर हुए कार्यक्रम में मौजूद चिकित्सक। संवाद