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श्यामसुंदर हत्याकांड : आरोपियों को रोशन ने ही मुहैया करवाए थे हथियार

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जींद। ठेकेदार श्याम सुंदर की हत्या के मुख्य आरोपी पोंकरीखेड़ी निवासी रोशन को चार दिन के रिमांड के बाद अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। रिमांड के दौरान आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने तीन रिवाल्वर और 38 बोर के 18 कारतूस आरोपी के रिश्तेदार के यहां से बरामद किए गए हैं। इसके अलावा वारदात में प्रयोग की गई बाइक को भी पुलिस ने जींद से बरामद किया है, जिसे आरोपी के परिजनों ने किसी जानकार को दी हुई थी। परिजनों ने बाइक को पुलिस को सौंपा है। इस मामले में अभी कई अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी होनी है।
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पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी रोशन ने ही शूटरों को रिवाल्वर उपलब्ध करवाई थी और वारदात के बाद शूटरों ने रिवाल्वर वापस रोशन को दे दी थी। वारदात के समय रोशन खुद मौके पर बाइक लेकर मौजूद था और आरोपियों को भगाने में मदद की थी।
23 नवंबर 2021 को सीमेंट व्यापारी और ठेकेदार श्यामसुंदर की घर के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक के भतीजे हनी बंसल निवासी सुभाष नगर रोहतक रोड ने थाना शहर जींद में शिकायत दी थी कि वह अपने ताऊ श्यामसुंदर के साथ दफ्तर के बाहर मौजूद था। तभी अचानक तीन बदमाशों ने अपने हाथों में लिए हथियारों से जान से मारने की नियत से उन पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई थीं। इसमें श्याम सुंदर की गोली लगने से मौत हो गई थी व एक गोली उसके पेट में भी लगे थी। इसके बाद तीनों बदमाश मौके से फरार हो गए। उन पर यह हमला धर्मेंद्र पहलवान निवासी जाखोदा, बलजीत पोंकरी खेड़ी, रोशन पोंकरी खेड़ी, संजय उर्फ बत्तख निवासी दौलतपुर, जगदीश निवासी मनोहरपुर व धर्मेंद्र पहलवान के एक अन्य साथी विजयंत निवासी सुभाष नगर द्वारा करवाया गया था।
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जांच के दौरान बलजीत पोंकरी खेड़ी की गिरफ्तारी के बाद खुलासा हुआ कि इसके लिए उन्होंने साजिश करके नवदीप कॉलोनी हिसार निवासी राजेश उर्फ लीला, पवन उर्फ जॉन व कुलदीप को शूटर के तौर पर हायर किया था। श्यामसुंदर पर राजेश उर्फ लीला, पवन उर्फ जॉन व कुलदीप ने 23 नवंबर को गोली चलाई जबकि इस दौरान कुलदीप और सचिन पास में ही बाइक स्टार्ट करके उनको लेने के लिए खड़े थे। पुलिस पूछताछ में यह भी सामने आया कि ठेकेदार श्यामसुंदर की हत्या का मुख्य कारण रेलवे में माल ढुलाई के लिए टेंडर लेना था और वर्ष 2016 में श्याम सुंदर के भाई पुरुषोत्तम पर भी हमले के मामले में गवाही रुकवाने को लेकर रंजिश थी। इस मामले में श्यामसुंदर मुख्य गवाह था।
जांच अधिकारी एएसआई सुरेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपी की निशानदेही पर तीन रिवाल्वर, 18 कारतूस व एक बाइक बरामद की है। आरोपी रोशन को रिमांड के बाद अदालत में पेश कर उसे जेल भेज दिया गया है।
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