जींद। जिला नगर योजनाकार मनीष दहिया ने बताया कि जींद शहरी क्षेत्रों में बिना विभागीय अनुमति, लाइसेंस, सीएलयू और एनओसी प्राप्त किए कुछ व्यक्तियों की ओर से अनधिकृत कॉलोनियों का विकास किया जा रहा है। विभाग ने ऐसे मामलों में विधि अनुसार कार्रवाई आरंभ कर दी गई है।उन्होंने आमजन से अपील की है कि उक्त खसरा नंबरों में किसी भी प्रकार की विक्रय विलेख, समझौता, पूर्ण भुगतान समझौता या पावर ऑफ अटॉर्नी के रूप में भूमि विक्रय और पंजीकरण न करें। इन खसरा नंबरों में स्थित भूमि पर किसी भी प्रकार की कॉलोनी विकास गतिविधि या प्लॉट खरीद-फरोख्त में निवेश करने से पूर्व संबंधित विभाग से अनुमति एवं वैधता की जांच अवश्य कर लें। अन्यथा ऐसी अनधिकृत कॉलोनियों में निवेश करने की स्थिति में विभाग किसी प्रकार की जवाबदेही स्वीकार नहीं करेगा। संवाद