फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jind News: लोग नहीं दिखा रहे रुचि, केवल 77.26 प्रतिशत ने लगवाई दूसरी डोज

विज्ञापन
विज्ञापन
जींद। प्रदेश में एक बार फिर से कोरोना के मामले बढ़ने लग गए हैं। स्वास्थ्य विभाग कोरोना से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है, लेकिन लोग इसकी तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। लोग न तो मास्क लगा रहे हैं और न ही शारीरिक दूरी के नियम का पालन कर रहे हैं। लोग वैक्सीन लगवाने में भी रुचि नहीं दिखा रहे हैं। जिले में अब तक 97.69 प्रतिशत लोगों ने पहली तथा 77.26 प्रतिशत ने दूसरी डोज लगवाई है। केवल 42893 लोगों ने ही बूस्टर डोज लगवाई है। इस समय केवल वही लोग वैक्सीन लगवाने आ रहे हैं, जिनको या तो विदेश जाना है या फिर कहीं वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट दिखाना जरूरी हो। कोरोना जांच के लिए भी अभी नाममात्र सैंपल ही लिए जा रहे हैं।
विज्ञापन

कोरोना वायरस समय के बदलाव के साथ अपना स्वरूप बदलता रहता है। अब नया म्यूटेशन आने से संक्रमण की गति बढ़ गई है। प्रदेश में भी एक बार फिर कोरोना संक्रमण के मामले आने लगे हैं। इसको देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को पूरी तरह सचेत हो गया है, लेकिन लोग सावधानी नहीं बरत रहे हैं। बाजारों में, नागरिक अस्पताल में तथा अन्य सरकारी कार्यालयों में ऐसे ही भीड़ लगती रहती है। इससे संक्रमण बढ़ने का खतरा बना रहता है। दो सप्ताह पहले इन्फ्लूएंजा को लेकर भी स्वास्थ्य विभाग ने अलर्ट जारी किया था, लेकिन लोगों का इस अलर्ट पर कोई असर नहीं हुआ। हालांकि जिले में फिलहाल ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया है लेकिन लोग सावधानी नहीं बरत रहे।
जिले के नौ लाख 95 हजार 610 लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा था। अभी तक जिले के नौ लाख 72 हजार 635 लोगों ने पहली तथा सात लाख 69 हजार 334 लोगों ने दूसरी डोज लगवाई है। बूस्टर डोज तो जिले के नाममात्र 42893 लोगों ने ही लगवाई है। जिले के 20.43 प्रतिशत लोग दूसरी डोज लगवाने नहीं आए हैं। इस समय ऐसे लोग वैक्सीन लगवाने आ रहे हैं, जिनको वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट की जरूरत है। यह लोग या तो विदेश में जाने के लिए डोज लगवाने आते हैं या फिर किसी सरकारी नौकरी या कंपनी में सर्टिफिकेट दिखाने की जरूरत होने पर आते हैं।
विज्ञापन


553 लोगों की हुई थी जिले में मौत
स्वास्थ्य विभाग अब तक जिले के पांच लाख 35 हजार 451 लोगों की कोरोना जांच कर चुका है। इनमें से 25 हजार 428 लोग संक्रमित मिले थे। इनमें से 553 लोगों की मौत हो गई थी जबकि बाकी कोरोना को मात देकर ठीक हो चुके हैं। जिले में इस समय एक भी संक्रमित नहीं है। प्रतिदिन नागरिक अस्पताल में 60 के आसपास लोगों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे जाते हैं।
कोट
कोरोना को लेकर स्वास्थ्य विभाग पहले भी पूरी तरह अलर्ट था और अब भी है। नागरिक अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में एक वार्ड की व्यवस्था कोरोना मरीजों के लिए है। यदि कोरोना संक्रमित मिलता है तो इसमें दाखिल किया जा सकता है। ऑक्सीजन, वेंटिलेटर व जरूरी दवाइयों का पूरा स्टॉक है। प्रतिदिन लक्षण मिलने पर मरीजों के सैंपल भी लिए जा रहे हैं।
विज्ञापन

डॉ. मंजू कादियान, सिविल सर्जन।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें