संवाद न्यूज एजेंसी
जुलाना। पंचायती राज जुलाना के जेई कृष्ण को अंबेडकर भवन के लिए बिल पास करने के लिए 20 हजार रुपये रिश्वत लेते एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने काबू किया है। टीम जेई के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर किया है।
किनाना गांव में बीआर आंबेडकर भवन का निर्माण करने वाले ठेकेदार राजमल सैनी ने एंटी करप्शन ब्यूरो को दी शिकायत में बताया था कि उसके पंचायती विभाग पर लगभग पांच लाख बकाया हैं, जिनके बिल पास करने की एवज में पंचायत विभाग का जेई कृष्ण 20 हजार की मांग कर रहे हैं। शिकायत के आधार पर एंटी करप्शन ब्यूरो के डीएसपी कमलजीत के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया। इसमें इंस्पेक्टर मनीष कुमार, सब इंस्पेक्टर बलजीत, एएसआई कमलजीत, जगबीर को भी शामिल किया गया। राजपत्रित अधिकारी के तौर पर डिप्टी डीईओ रामनिवास को नियुक्त किया गया। टीम ने शिकायतकर्ता ठेकेदार को 500-500 के 40 नोट हस्ताक्षर तथा पाउडर लगा कर दे दिए। संपर्क साधने पर जेई कृष्ण ने ठेकेदार को बीडीपीओ कार्यालय जुलाना में बुला लिया। रिश्वत राशि थमाए जाने के साथ इशारा मिलते ही एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने जेई को काबू करती उससे पूर्व उसने राशि निकाल कर दूसरे व्यक्ति को दे दी जो वहां से खिसक गया। जेई के हाथ धुलवाने पर उनका रंग लाल हो गया। स्टेट एंटी करप्शन ब्यूरो के डीएसपी कमलजीत ने बताया कि जेई को 20 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। टीम आरोपी जेई से पूछताछ कर रही है।
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समर्थन में आए सरपंच, कहा साजिश के तहत जेई को फंसाया
पंचायती राज के जेई कृष्ण के पकड़े जाने पर जुलाना क्षेत्र के सभी गांवों के सरपंच उनके समर्थन में आ गए। कई गांवों के सरपंच स्टेट एंटी करप्शन ब्यूरो कार्यालय पहुंचे, जहां वह एकत्रित होकर कार्यालय में अधिकारियों से मिलने गए, लेकिन उन्हें मिलने नहीं दिया। सरपंचों ने आरोप लगाया कि ठेकेदार ने साजिश के तहत जेई कृष्ण को फंसाया है। हथोवाला गांव के सरपंच रोहताश, गोसांईखेड़ा के सरपंच अमित, ढिगाना के सरपंच विनोद, शामलो गांव के सरपंच बिजेंद्र, लिजवाना खुर्द के सरपंच सतीश, खेमाखेड़ी के सरपंच कप्तान, करसोला गांव के सरपंच महेंद्र ने बताया कि जेई कृष्ण अपनी डयूटी पूरी ईमानदारी से करते हैं और अपना कार्य भी पूरा रखते हैं, लेकिन ठेेकेदार ने जानबूझकर जेई को फंसाया है।