जींद। नागरिक अस्पताल और उपमंडल नागरिक अस्पतालों में 16 अप्रैल से ओपीडी का समय बदल जाएगा। स्वास्थ्य विभाग ने ओपीडी सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक कर दी है। सर्दी में अस्पताल 9 बजे से 3 बजे तक खुले रहते थे। गर्मी को देखते हुए अब एक घंटा पहले ओपीडी की शुरुआत की जाएग और एक घंटा पहले छुट्टी होगी। ओपीडी के अलावा दवा लेने और टेस्ट कराने के समय में भी परिवर्तन किया गया है। दूसरी ओर गर्मी बढ़ते ही अस्पताल में मरीजों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। बदलते मौसम की वजह से बुखार, जुखाम, खांसी एवं अन्य बीमारियों के मरीज अस्पताल पहुंच रहे हैं।
जिला नागरिक अस्पताल व उपमंडल नागरिक अस्पताल में स्वास्थ्य जांच के लिए ओपीडी पर्ची बनवाने का समय सुबह साढ़े 7 से दोपहर 1 बजे तक का समय होगा। इसी तरह ओपीडी में दवा के लिए खुलने वाली खिड़की का समय सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक का किया गया है। वहीं अस्पताल में होने वाले विभिन्न तरह की टेस्ट के लिए लैब में सैंपल का समय भी सुबह 8 बजे से 11 बजे तक रहेगा, जबकि सर्दियों में पहले सुबह नौ से 12 बजे तक सैंपल लिए जाते थे, फिर 2 बजे तक सैंपल रिपोर्ट दी जाती थी। अब 16 अक्टूबर तक नागरिक अस्पताल की ओपीडी, टेस्ट एवं दवा लेने का समय बदला गया है। खून टेस्ट, एक्स-रे सहित अन्य जांचें 8 से 11 बजे तक होगी। उसके बाद से लेकर 2 बजे तक रिपोर्ट मिलेगी।
मौसम में बदलाव से बढ़ी मरीजों की संख्या
इस समय कभी गर्मी तो कभी ठंडी हवाओं के चलते मौसम लगाता परिवर्तनशील बना हुआ है। पिछले चार दिन से बदलते मौसम के चलते सर्दी, खांसी, बुखार, वायरल के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। जिला मुख्यालय स्थित नागरिक अस्पताल की बात की जाए तो यहां प्रतिदिन 200 से 250 मरीज ऐसे पहुंच रहे हैं जिन्हें बुखार है या फिर सर्दी या खांसी है। नागरिक अस्पताल के डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला ने बताया कि वायरल बुखार के मुख्य लक्षण गले में खराश और कंपकपी, खांसी, जुखाम, तेज बुखार, थकान, जोड़ों में दर्द, मांसपेशियों व बदन में दर्द, सिर और गले में दर्द, आंखें लाल होना आदि हैं। ऐसे में तुरंत प्रभाव से चिकित्सक की सलाह लेकर दवा लेनी चाहिए। बच्चों तथा वृद्धों के स्वास्थ्य व स्वच्छता का विशेष ध्यान रखना चाहिए।
अस्पताल में मंगलवार से ओपीडी का समय बदल गया है। जिला अस्पताल व उपमंडल अस्पतालों में ओपीडी सुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक की जाएगी। इसके लिए सभी चिकित्सकों को आदेश जारी कर दिए गए है। -डॉ. राजेश भोला, डिप्टी एमएस, जींद।
15जेएनडी18 : नागरकि अस्पताल में दवा के लिए लगी मरीजों की लंबी लाइन। संवाद