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कैंसर को लेकर लोगों में भ्रांतियां : डॉ. रमेश

Sat, 03 Feb 2024 09:39 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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03जेएनडी12-कैंसर के बचाव और उपचार के बारे में जानकारी देते डॉ. राजेश भोला। संवाद
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जींद। लोगों में कैंसर के खिलाफ जागरूक करने के लिए जिला मुख्यालय स्थित नागरिक अस्पताल में विश्व कैंसर दिवस को लेकर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता सिविल सर्जन डॉ. गोपाल गोयल ने की। कार्यक्रम में पीएमओ डॉ. जितेंद्र कादियान, डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला, एनसीडी इंचार्ज एवं डिप्टी सीएमओ डॉ. रमेश पांचाल, डॉ. विनिता, डॉ. सीमा वशिष्ठ, डॉ. पूनम, डॉ. विशाल पोरस, इंद्रो देवी, पूजा, सुमन, रमन मौजूद रहीं।
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इस दौरान नाटक के माध्यम से भी आमजन को जागरूक किया गया। एनसीडी इंचार्ज एवं डिप्टी सीएमओ डॉ. रमेश पांचाल ने कहा कि आज कैंसर के प्रति लोगों में बहुत भ्रांतियां हैं। आमजन को लगता है कि कैंसर से पीड़ित होना मतलब ये एक सजा के समान है, लेकिन अब ज्यादातर कैंसर उपचार योग्य हैं। आम लोगों को लगता है कि कैंसर उनकी किस्मत में था, जबकि 30 प्रतिशत मामलों में इसे पूरे जीवनभर के लिए ठीक और रोका जा सकता है।
उन्होंने बताया कि कैंसर कई प्रकार के होते हैं, जिनमें सबसे आम फेफड़ों का कैंसर, मुंह का कैंसर, प्रोस्टेड, ऐसोफागस, पेट, मुंह, लैरिंक्स, लिम्फोमा, सर्वाइकल और ब्रेस्ट कैंसर हैं। कैंसर में शरीर के किसी भी हिस्से की कोशिकाएं काफी तेजी से बढ़ने लगती हैं। इनसे आसपास मौजूद टीश्यू व अन्य कोशिकाएं और ऑर्गन डैमेज होने लगते हैं। ऐसे में मनुष्य को अपनी सेहत का ध्यान रखना चाहिए। फिजिशियन डॉ. विनिता ने कहा कि यदि कैंसर से बचना चाहते हैं तो आपको अपनी जीवनशैली नियंत्रित करनी होगी। इतना ही नहीं अपने खानपान पर विशेष ध्यान रखना होगा। नागरिक अस्पताल से कैंसर के मरीज को रेफर किए जाने पर ट्रांसपोर्ट सुविधा मुफ्त उपलब्ध करवाई जाती है। कैंसर से बचने के लिए तंबाकू उत्पादों का सेवन बिल्कुल न करें। अपनी दिनचर्या को स्वस्थ बनाएं।
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मोटा होना भी कैंसर होने का कारण

डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला ने कहा कि कई बार मोटापे के कारण भी कैंसर का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए अपने वजन को कंट्रोल रखने की कोशिश करें। नियमित तौर पर एक्सरसाइज करें और फिजिकली एक्टिव रहें। हेल्दी चीजों का सेवन करें, अपनी डाइट में ताजी पत्तेदार सब्जियों को शामिल करें। वहीं कैंसर आनुवांशिक भी हो सकता है। कई बार कैंसर से पीड़ित माता या पिता के जीन बच्चे में भी आ जाते हैं, जिससे बच्चे को भविष्य में कैंसर होने की आशंका बढ़ जाती है। किसी गंभीर बीमारी के कारण भी कैंसर हो सकता है। यानी यदि आप किसी गंभीर बीमारी के लिए दवाएं ले रहे हैं तो इन दवाओं के साइड इफेक्ट्स के कारण कैंसर के शिकार हो सकते हैं। कई बार उम्र के बढ़ने के साथ भी शरीर में चुस्ती-फुर्ती नहीं रहती और उम्र के पड़ाव पर व्यक्ति बीमार पड़ने लगता है। ऐसे में कई बार कैंसर भी हो जाता है।
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