21जेएनडी24: सरकारी भाव पर बाजरा की खरीद करते हुए। संवाद
उचाना। बाजरा मंडी में आते ही सरकारी खरीद पर बिकने से किसानों के चेहरे खिले नजर आ रहे है। जिस दिन बाजरा किसान मंडी में लेकर आता है उसी दिन उसका बाजरा बिकने से दो से तीन घंटे में ही किसान अपने घर मंडी से वापस चला जाता है। हैफेड ने अब तक 10 हजार बैग बाजरा खरीदा है। 3400 बैग का उठान हो चुका है। हैफेड रिकॉर्ड के अनुसार अब तक एक करोड़ 31 लाख 50 हजार रुपये के बाजरा की खरीद की जा चुकी है।
हैफेड सेल्समैन सतीश ने बताया कि खरीद के बाद उठान प्रक्रिया तेज हो गई है। एक करोड़ 31 लाख 50 हजार राशि का बाजरा सरकारी खरीद पर खरीदा जा चुका। किसान, आढ़तियों को किसी तरह की परेशानी नहीं आने दी जा रही है। साफ, सूखा जो बाजरा सरकारी मापदंड पर होता है उसे मंडी में आते ही खरीदा जा रहा है।
किसान बलजोर, सुखबीर, राजेंद्र ने कहा कि बाजरा की फसल मंडी में आते ही बिकने से किसान दो से तीन घंटे बाद घर वापिस चला जाता है। जो भाव बाजरा के मिल रहे है उससे किसान खुश है। एमएसपी भी भाव मिलने से किसानों को आर्थिक रूप से फायदा हो रहा है। मंडी में बेहतर व्यवस्था बाजरा खरीद की है। किसी तरह की परेशानी अब तक खरीद को लेकर नहीं हुई है।
53 हजार क्विंटल से अधिक हुई पीआर की खरीद
हाईवे पर स्थित अतिरिक्त मंडी में पीआर धान की खरीद हो रही है। यहां पर खाद्य आपूर्ति विभाग खरीद कर रह है। अब तक 57 हजार क्विंटल पीआर धान मंडी में आ चुका है। 53 हजार क्विंटल से अधिक की खरीद हो चुकी है। 23500 क्विंटल का का उठाया जा चुका है। मंडी में सफाई, पीने के पानी, बिजली सहित सभी प्रबंध पुख्ता है। खाद्य आपूर्ति विभाग इंस्पेक्टर अजय कोथ ने बताया कि खरीद शुरू होने से लेकर अब तक किसान, आढ़तियों को परेशानी नहीं आने दी जा रही है। नियमानुसार पीआर धान की खरीद की जा रही है। खरीद, उठान प्रक्रिया सुचारू रूप से जारी है।
21जेएनडी24: सरकारी भाव पर बाजरा की खरीद करते हुए। संवाद