सीएम फ्लाइंग की टीम कार्यालय में दस्तावेजों की जांच करते हुए।
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जींद। सीएम फ्लाइंग ने सोमवार की दोपहर समाज कल्याण विभाग का निरीक्षण किया। इस दौरान जिला समाज कल्याण अधिकारी व इंवेस्टिगेटर सत्यवान कार्यालय में ही नहीं मिले। इन दोनों ने मूवमेंट रजिस्टर में कोई इंट्री दर्ज नहीं की थी। इसके अलावा विभाग के एक चपरासी की हाजिरी भी एडवांस लगी मिली व चार कर्मचारी बिना मंजूरी के छुट्टी पर मिले। सूचना के बाद जिला समाज कल्याण अधिकारी व इंवेस्टिगेटर कार्यालय पहुंचे और मूवमेंट रजिस्टर में दर्ज न करने की गलती को स्वीकारा। सीएम फ्लाइंग ने विभाग से विवरण जुटाकर उच्च अधिकारियों को भेज दिया है।
सीएम फ्लाइंग को सूचना मिली थी कि जिला समाज कल्याण विभाग कार्यालय के कर्मी समय से पहले कार्यालय से निकल जाते हैं। इसके चलते पेंशन समेत अन्य कामकाज के सिलसिले में आने वाले लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। आवेदन जमा होने के बावजूद भी महीनों तक पेंशन बनवाने के लिए लोगों को कार्यालय के चक्कर काटने पड़ते हैं। इस सूचना पर सीएम फ्लाइंग के डीएसपी रविंद्र कुमार के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया और जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय में दस्तक दी। निरीक्षण के दौरान जिला समाज कल्याण अधिकारी सरोज देवी तथा इंवेस्टिगेटर सत्यवान कार्यालय में नहीं मिले। इनके बारे में कर्मियों ने फील्ड में होने की बात कही। जब दोनों के मूवमेंट रजिस्टर मंगवाए गए तो उनमे कोई इंट्री दर्ज नहीं थी।
20 दिसंबर के बाद से जिला समाज कल्याण अधिकारी का मूवमेंट रजिस्टर खाली पड़ा हुआ था। जब अन्य कर्मियों के हाजिरी रजिस्टर को जांचा गया तो चार कर्मचारी छुट्टी पर मिले, जबकि कार्यालय के चपरासी की हाजिरी एडवांस में लगी मिली। छुट्टी पर गए कर्मियों की एप्लीकेशन तो थी लेकिन उन्हें मंजूरी नहीं दी गई थी। इस पर टीम ने रिपोर्ट तैयार कर विभाग के उच्चाधिकारियों को भेज दी है। बाद में निरीक्षण की सूचना पर जिला समाज कल्याण अधिकारी दौड़ती हुईं कार्यालय पहुंचीं। जब सीएम फ्लाइंग के अधिकारियों ने मूवमेंट रजिस्टर में इंट्री न करने का कारण पूछा तो गलती होने की बात कही। टीम ने समाज कल्याण विभाग से पेंशन के बारे में जानकारी मांगी। इसमें बकाया पेंशन आवेदन, रोकी गई पेंशनों के साथ-साथ कारणों की भी जानकारी ली।
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जिला समाज कल्याण विभाग कार्यालय का औचक निरीक्षण किया था। चपरासी ने एडवांस में हाजिरी भरी हुई थी। चार कर्मियों की छुट्टियां मंजूर नहीं थी। विभाग से रिकॉर्ड भी मांगा गया है, जिसकी रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है।- रविंद्र कुमार डीएसपी सीएम फ्लाइंग।