जींद। गांव खटकड़ निवासी नायक सूबेदार विनोद शहीद हो गए। बुधवार शाम को उनका पार्थिव शरीर गांव में पहुंचा और सैनिक सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। उनकी अंतिम यात्रा में खटकड़ समेत काफी गांवों के हजारों लोग शामिल हुए। देशभक्ति नारों से पूरा आसमान गूंज उठा। खटकड़ टोल से गांव के श्मसान घाट तक उन्हें जयकारों, बाइक-गाडिय़ों के काफिले के साथ लाया गया।
खटकड़ गांव निवासी विनोद (42) भारतीय सेना में 116-आरआर बटालियन में नायक सूबेदार के पद पर थे। इस समय उनकी ड्यूटी उत्तर प्रदेश के बरेली में थी। करीब दो सप्ताह पहले उनकी अचानक तबीयत खराब हो गई। इसके बाद उन्हें दिल्ली में आरआरके आर्मी अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। मंगलवार को विनोद ने अंतिम सांस ली। विनोद अपने पीछे दो बेटियों और एक बेटे तथा पत्नी को छोड़ गया। साल 2004 में विनोद ने आर्मी ज्वाइन की थी। विनोद के शहीद होने का समाचार सुनते ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। उनकी विरांगना पत्नी के आंसू नहीं थम रहे थे। खटकड़ टोल पर उनका पार्थिव शरीर पहुंचा तो यहां मौजूद भीड़ ने देश भक्ति नारे लगाने के साथ-साथ विनोद अमर रहे के नारे लगाए। सैनिकों द्वारा सलामी ली गई। मातमी धुन बजाई गई। परिजनों के अनुसार विनोद को स्वास्थ्य संबंधी समस्या आ गई थी, जिसके कारण वह बहुत ज्यादा बीमार हो गए और दिल्ली के आर्मी अस्पताल में ही उपचाराधीन थे।