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Jind News: क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट दिनेश कटारिया को कांट्रेक्ट स्वास्थ्य विभाग ने नहीं किया रिन्यू

Mon, 01 Apr 2024 11:42 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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जींद। स्वास्थ्य विभाग में एनएचएम के तहत क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट के पद पर नियुक्त दिनेश कटारिया का कॉन्ट्रैक्ट रिन्यू नहीं किया है। दिनेश कटारिया के खिलाफ जांच रिपोर्ट अभी नहीं आई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही इसमें आगे कार्रवाई होगी।
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एनएचएम के तहत मेंटल हेल्थ में क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट के पद पर कई साल से कार्यरत दिनेश कटारिया के खिलाफ अधिकारियों के आदेश नहीं मानने और ड्यूटी सही तरीके से नहीं करने के आरोप थे। अधिकारियों ने जब भी उन्हें ढंग से ड्यूटी करने के लिए कहा तो उनकी बात मानने के बजाय उल्टे अधिकारियों से गलत तरीके से पेश आए। सोमवार को उनका आगे एक साल के लिए कांट्रेक्ट रिन्यू करने से मना कर दिया गया है। एनएचएम कर्मचारियों के कॉन्ट्रैक्ट हर साल रिन्यू होते हैं। इसी प्रावधान के तहत मेंटल हेल्थ के डिप्टी सिविल सर्जन ने क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट दिनेश कटारिया का कॉन्ट्रैक्टर रिन्यू करने से मना करते हुए मेंटल हेल्थ के बाकी सभी कर्मचारियों के कॉन्ट्रैक्ट रिन्यू कर दिए।
अभी एक और शिकायत की जांच बाकी
दिनेश कटारिया के खिलाफ एक और गंभीर शिकायत की जांच लंबित है। उनके खिलाफ पिछले दिनों सिविल सर्जन, डीसी, एसपी, स्वास्थ्य सेवाएं महानिदेशक, स्वास्थ्य मंत्री, पंजाब एंड हरियाणा हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार तथा जींद के जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पास शिकायत की गई थी। शिकायत में हिसार के विकास ने कहा था कि दिनेश कटारिया एनएचएम के तहत मेंटल हेल्थ विभाग में क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट के पद पर नियुक्ति ही अवैध है। इस पद पर नियुक्ति के लिए क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट का आरसीआई (रिहैबिलेशन काउंसिल ऑफ इंडिया) से रजिस्ट्रेशन अनिवार्य है, जबकि दिनेश कटारिया के पास आरसीआई का रजिस्ट्रेशन नहीं है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने सिविल सर्जन को 10 दिन में जांच पूरी कर रिपोर्ट करने को कहा था। यह मियाद पूरी हो चुकी है, मगर अभी तक जांच कर रिपोर्ट जिला एवं सत्र न्यायाधीश को नहीं भेजी गई है। इस मामले ने भी दिनेश कटारिया की मुश्किलें पहले से बढ़ाई हुई थी। अब उनका कॉन्ट्रैक्ट रिन्यू नहीं होने से कटारिया की मुश्किल और ज्यादा बढ़ गई हैं।
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फिलहाल दिनेश कटारिया के मामले में जांच चल रही है। जांच पूरी होने के बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश को भी सौंपी जाएगी। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही दिनेश कटारिया के कॉन्ट्रैक्ट को लेकर निर्णय लिया जाएगा। फिलहाल कांट्रेक्ट नहीं बढ़ाया गया है।-डॉ. गोपाल गोयल, सिविल सर्जन
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